{"_id":"61686ca26fa0347b787b3d76","slug":"demand-for-getting-money-for-stubble-bales-complaint-given-to-dc-jind-news-rtk6270302154","type":"story","status":"publish","title_hn":"पराली की गांठों के पैसे दिलवाने की मांग, डीसी को दी शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पराली की गांठों के पैसे दिलवाने की मांग, डीसी को दी शिकायत
विज्ञापन
डीसी कार्यालय में शिकायत देने आए पराली की गांठ के विक्रेता।
- फोटो : Jind
जींद। ढाठरथ में लगे बॉयो एनर्जी प्लांट में बेलर के पराली की गांठों के पैसे नहीं देने से परेशान विक्रेताओं ने डीसी को शिकायत देकर पैसे दिलवाने की मांग की है। डीसी को दी शिकायत में कहा कि बेलर ने उनको 24 घंटे में पराली की गांठों के पैसे देने की बात कही थी। लेकिन आज काम करते हुए छह दिन बीत चुके हैं और उनके द्वारा डाली गई एक भी गांठ का उनको पैसा नहीं मिला।
उन्होंने बताया कि जब उन्होंने काम शुरू किया तो उनको गांठ डालने के लिए रास्ता देने, वजन के लिए दो कांटे लगवाने और 24 घंटे में पेमेंट देने की बात हुई थी, लेकिन अब बेलर उनको कोई सुविधा नहीं दे रहा। उन्होंने कहा कि रास्ता नहीं मिलने के कारण उनकी ट्राली पलट जाती हैं और उनका काम प्रभावित हो रहा है। दूसरा एक कांटा होने के कारण घंटों तक इंतजार करना पड़ता है। नमी के नाम पर उनके साथ लूट मचाई हुई है। उन्होंने बताया कि दूसरे बेलर 20 प्रतिशत से ज्यादा नमी मिलने पर जितनी प्रतिशत अतिरिक्त नमी है, उतना ही वजन काटते हैं। लेकिन उनके द्वारा डाली गई गांठ में नमी के नाम पर ज्यादा वजन काटा जा रहा है। उन्होंने कहा कि बेलर द्वारा लिखित में उनको सभी शर्तें उपलब्ध करवाई जाएं, ताकि उनका काम किसी तरह से प्रभावित न हो। साथ ही उनको सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं।
करवाई जा रही है व्यवस्था
बॉयो एनर्जी प्लांट, ढाठरथ के प्रबंधक वाईके शर्मा ने कहा कि पराली स्टोर करने के लिए एक साल पहले जमीन ले ली गई थी। बारिश के कारण यहां मिट्टी गिली हो गई है। ऐसे में पराली डालने में दिक्कत आ रही है। इसके लिए दूसरी जगह व्यवस्था की जा रही है। अभी चार दिन से ही पराली आनी शुरू हुई है। ऐसे में भुगतान इतना जल्द नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि जब उन्होंने काम शुरू किया तो उनको गांठ डालने के लिए रास्ता देने, वजन के लिए दो कांटे लगवाने और 24 घंटे में पेमेंट देने की बात हुई थी, लेकिन अब बेलर उनको कोई सुविधा नहीं दे रहा। उन्होंने कहा कि रास्ता नहीं मिलने के कारण उनकी ट्राली पलट जाती हैं और उनका काम प्रभावित हो रहा है। दूसरा एक कांटा होने के कारण घंटों तक इंतजार करना पड़ता है। नमी के नाम पर उनके साथ लूट मचाई हुई है। उन्होंने बताया कि दूसरे बेलर 20 प्रतिशत से ज्यादा नमी मिलने पर जितनी प्रतिशत अतिरिक्त नमी है, उतना ही वजन काटते हैं। लेकिन उनके द्वारा डाली गई गांठ में नमी के नाम पर ज्यादा वजन काटा जा रहा है। उन्होंने कहा कि बेलर द्वारा लिखित में उनको सभी शर्तें उपलब्ध करवाई जाएं, ताकि उनका काम किसी तरह से प्रभावित न हो। साथ ही उनको सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं।
विज्ञापन
करवाई जा रही है व्यवस्था
बॉयो एनर्जी प्लांट, ढाठरथ के प्रबंधक वाईके शर्मा ने कहा कि पराली स्टोर करने के लिए एक साल पहले जमीन ले ली गई थी। बारिश के कारण यहां मिट्टी गिली हो गई है। ऐसे में पराली डालने में दिक्कत आ रही है। इसके लिए दूसरी जगह व्यवस्था की जा रही है। अभी चार दिन से ही पराली आनी शुरू हुई है। ऐसे में भुगतान इतना जल्द नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन