फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   Now studies will be done every day, menstruation will not be a hindrance

Hisar News: अब हर दिन होगी पढ़ाई, मासिक धर्म नहीं बनेगा बाधा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 13 Jan 2026 01:21 AM IST
विज्ञापन
Now studies will be done every day, menstruation will not be a hindrance
हिसार। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाली छात्राओं की पढ़ाई अब मासिक धर्म के कारण बाधित नहीं होगी। उनकी स्वच्छता, स्वास्थ्य और शिक्षा को ध्यान में रखते हुए शिक्षा विभाग ने अहम पहल करते हुए हिसार जिले के सरकारी स्कूलों में अध्ययनरत छात्राओं को 80,445 सेनेटरी नैपकिन निशुल्क वितरित करने का निर्णय लिया है। यह वितरण 15 जनवरी से मार्च माह के बीच चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा, ताकि छात्राएं बिना किसी झिझक के नियमित रूप से विद्यालय आ सकें।
विज्ञापन


जिला गणित विशेषज्ञ संदीप सिंधु ने बताया कि जिले के नौ ब्लॉकों के 260 सरकारी हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को इस योजना में शामिल किया गया है। इसके तहत कक्षा नौवीं से बारहवीं तक की छात्राओं को हर माह 10-10 सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराए जाएंगे। योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता संसाधनों के अभाव में कोई भी छात्रा स्कूल आने से वंचित न रहे।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि स्वच्छता की पर्याप्त सुविधाएं न होने के कारण कई छात्राएं इन दिनों में स्कूल आने से कतराती हैं। इसका सीधा असर न केवल उनकी पढ़ाई पर पड़ता है, बल्कि उनकी उपस्थिति और आत्मविश्वास भी प्रभावित होता है। इस योजना के माध्यम से शिक्षा विभाग छात्राओं को सुरक्षित, स्वच्छ और सहज वातावरण उपलब्ध कराना चाहता है, ताकि वे बिना किसी संकोच के शिक्षा से जुड़ी रह सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन


योजना को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिला और ब्लॉक स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सेनेटरी नैपकिन का वितरण समयबद्ध और व्यवस्थित तरीके से सुनिश्चित किया जाए।

इस पहल से छात्राओं की ड्रॉपआउट दर में कमी आने की उम्मीद है। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों की छात्राओं के लिए यह योजना बड़ी राहत साबित होगी, जहां स्वच्छता से जुड़े संसाधनों की उपलब्धता सीमित रहती है। ग्रामीण इलाकों में कई परिवारों के लिए सेनेटरी उत्पाद खरीदना अतिरिक्त आर्थिक बोझ होता है, ऐसे में यह सुविधा छात्राओं के लिए सहायक सिद्ध होगी।


विभागीय अधिकारियों का कहना है कि छात्राओं के स्वास्थ्य और शिक्षा को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। आवश्यकता के अनुसार भविष्य में इस योजना के दायरे को बढ़ाने पर भी विचार किया जा सकता है। यह पहल न केवल छात्राओं के शारीरिक स्वास्थ्य की रक्षा करेगी, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed