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Hisar News: प्लॉट का सौदा कर 30 लाख हड़पने का आरोप, कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी
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हिसार। प्लॉट खरीदने के नाम पर 30 लाख रुपये हड़पने, फर्जी व्यक्ति को असली मालिक बताकर पेश करने और धमकी देने के आरोप में कोर्ट के आदेश पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। विश्नोई कॉलोनी निवासी 74 वर्षीय प्यारे लाल कड़वासरा ने अदालत में दायर याचिका में पड़ोसी सुभाष और प्रॉपर्टी डीलर चिमन लाल व विजेंद्र पर आरोप लगाए हैं।
याचिका के अनुसार वर्ष 2023-24 में सुभाष ने प्यारे लाल की मुलाकात दोनों प्रॉपर्टी डीलरों से कराई। आरोप है कि तीनों ने अमन नगर, मिर्जापुर रोड स्थित 612 वर्गगज प्लॉट को कृष्ण कुमार का बताकर 51 लाख रुपये में सौदा कराया। 25 जनवरी 2024 को इकरारनामा हुआ और 30 लाख रुपये बयाने के रूप में दिए गए। रजिस्ट्री 25 अप्रैल को होनी थी, लेकिन एनडीसी-एनओसी नहीं मिलने की बात कहकर समय बढ़वा लिया गया।
बाद में प्यारे लाल को पता चला कि असली कृष्ण कुमार ने प्लॉट 7 मार्च 2024 को ही महेंद्र कुमार वर्मा को बेच दिया था और 16 मार्च को इंतकाल भी मंजूर हो चुका था। आरोप है कि इसके बावजूद फर्जी व्यक्ति को कृष्ण कुमार बनाकर पेश किया गया। रुपये वापस मांगने पर मारपीट और जान से मारने की धमकी दी गई।
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शिकायतकर्ता ने 6 मार्च को एसपी हिसार को शिकायत दी थी। आरोप है कि आर्थिक अपराध शाखा की जांच में भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। सिविल लाइन थाने के जांच अधिकारी मोहिंदर सिंह ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।
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याचिका के अनुसार वर्ष 2023-24 में सुभाष ने प्यारे लाल की मुलाकात दोनों प्रॉपर्टी डीलरों से कराई। आरोप है कि तीनों ने अमन नगर, मिर्जापुर रोड स्थित 612 वर्गगज प्लॉट को कृष्ण कुमार का बताकर 51 लाख रुपये में सौदा कराया। 25 जनवरी 2024 को इकरारनामा हुआ और 30 लाख रुपये बयाने के रूप में दिए गए। रजिस्ट्री 25 अप्रैल को होनी थी, लेकिन एनडीसी-एनओसी नहीं मिलने की बात कहकर समय बढ़वा लिया गया।
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बाद में प्यारे लाल को पता चला कि असली कृष्ण कुमार ने प्लॉट 7 मार्च 2024 को ही महेंद्र कुमार वर्मा को बेच दिया था और 16 मार्च को इंतकाल भी मंजूर हो चुका था। आरोप है कि इसके बावजूद फर्जी व्यक्ति को कृष्ण कुमार बनाकर पेश किया गया। रुपये वापस मांगने पर मारपीट और जान से मारने की धमकी दी गई।
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शिकायतकर्ता ने 6 मार्च को एसपी हिसार को शिकायत दी थी। आरोप है कि आर्थिक अपराध शाखा की जांच में भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। सिविल लाइन थाने के जांच अधिकारी मोहिंदर सिंह ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।