Haryana : यौन उत्पीड़न के आरोपों में घिरे जींद एसपी का तबादला, राज्य महिला आयोग ने सीएम सैनी को लिखा था पत्र
यौन आरोपों से घिरे जींद एसपी का तबादला कर दिया गया है। उन्हे अंबाला भेजकर रेलवे की जिम्मेदारी दी गई है।
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यौन आरोपों से घिरे जींद एसपी का तबादला कर दिया गया है। उन्हे अंबाला भेजकर रेलवे की जिम्मेदारी दी गई है। हरियाणा राज्य महिला आयोग ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को पत्र लिखकर जींद के पुलिस अधीक्षक (एसपी) के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। आयोग ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि एसपी को उनके वर्तमान पद से तत्काल प्रभाव से स्थानांतरित किया जाए, क्योंकि उन पर यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगे हैं।
Haryana govt transfers Jind SP amid sexual harassment allegations
— ANI Digital (@ani_digital) October 30, 2024
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महिला पुलिसकर्मियों के यौन शोषण मामले में राज्य महिला आयोग को मिला अहम सुराग
राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया के मुताबिक कथित यौन शोषण के आरोपी पुलिस अधिकारी आयोग में पेश हुए। आयोग की अध्यक्ष ने उनसे करीब एक घंटे पूछताछ की। रेनू भाटिया ने कहा कि पुलिस अधिकारी के बयान के आधार पर मामले में अहम सुराग मिले हैं। हालांकि ये सुराग अफसर के खिलाफ हैं या पक्ष में, उन्होंने यह मामले की जांच पूरी होने के बाद ही उजागर करने का दावा किया। रेनू भाटिया ने बताया कि दिवाली के चलते पुलिसकर्मियों की प्रदेशभर में ड्यूटी लगी है। ऐसे में जांच की रफ्तार पर थोड़ा ब्रेक लगा है। दिवाली के बाद सात नवंबर को पांच महिला पुलिसकर्मियाें को बयान देने के लिए बुलाया गया है।
Haryana State Commission for Women has written to CM Nayab Singh Saini requesting him to transfer SP Jind from his current posting over allegations of sexual harassment against him.
— ANI (@ANI) October 30, 2024
एसपी ने यू-ट्यूबर पर टारगेट करने का आरोप लगाया
आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया को पुलिस अधिकारी ने बताया कि एक यू-ट्यूबर उन्हें टारगेट कर रहा है। जिस ई-मेल से आरोपों वाला पत्र भेजा गया, अब वह डिलीट कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि वह किसी भी महिला पुलिसकर्मी से न तो मिले हैं और न ही मोबाइल पर कभी बात हुई है।
जांच प्रभावित होने की आशंका, तबादले की सिफारिश
राज्य महिला आयोग ने जांच प्रभावित होने की आशंका जाहिर कर मुख्यमंत्री नायब सैनी और डीजीपी को पत्र लिखा है। आयोग ने आरोपी पुलिस अधिकारी को उनके पद से तत्काल हटाने की मांग की है। मुख्यमंत्री से उक्त अफसर को छुट्टी पर, पुलिस लाइन या पुलिस मुख्यालय में तैनात करने की सिफारिश की है।
एसपी मोदी 7 नवंबर को रिपोर्ट के साथ तलब
रेनू भाटिया के मुताबिक मंगलवार को जांच अधिकारी फतेहाबाद की एसपी आस्था मोदी मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये पेश हुईं। उन्होंने अधूरी जांच बताकर रिपोर्ट सौंपी है। अभी तक 39 महिला कर्मियों के बयान दर्ज हुए हैं, जबकि कुल 143 कर्मियों के बयान होने हैं। हालांकि, अभी पुलिस की जांच रिपोर्ट को उजागर नहीं किया जाएगा। सात नवंबर को पूरी जांच रिपोर्ट के साथ एसपी आस्था मोदी को तलब किया गया है। आयोग अपने स्तर पर भी जांच करने में लगा है।
50 महिला कर्मियों के बयान दर्ज
उधर, आस्था मोदी के फतेहाबाद स्थित सरकारी आवास पर मंगलवार को 50 महिला पुलिसकर्मियों के बयान दर्ज किए गए। सुबह 10 बजे बस से पहुंचीं महिला कर्मियों के एक-एक करके शाम तकरीबन सात बजे तक एसपी आस्था मोदी के समक्ष बयान दर्ज कराए गए।
महिला पुलिसकर्मी के यौन शोषण मामले में उच्चस्तरीय जांच की मांग
वहीं, जन संघर्ष मंच ने महिला पुलिसकर्मियों के कथित यौन शोषण के विरोध में मंगलवार को प्रदर्शन कर डीसी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। उन्होंने मांग की है कि इस मामले में तुरंत प्राथमिकी दर्ज कर उच्चस्तरीय न्यायिक जांच करवाई जाए। प्रधान फूल सिंह, वरिष्ठ उपप्रधान पाल सिंह, महासचिव सुदेश कुमारी आदि ने मांग की कि पीड़ित महिलाओं के पत्र को खबर में चलाने वाले मीडियाकर्मियों पर दर्ज मुकदमा तुरंत रद्द किया जाए।