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Fatehabad News: नगर परिषद 34 साल से दुकानों का ले रही किराया अब रजिस्ट्री से इनकार

Sun, 10 Dec 2023 11:32 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Sun, 10 Dec 2023 11:32 PM IST
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Municipal council has been taking rent from shops for 34 years, now it is refusing to register.
फतेहाबाद की मोबाइल मार्केट।
फतेहाबाद। नगर परिषद ने स्वामित्व योजना के तहत मोबाइल मार्केट और क्लाॅथ मार्केट के दुकानदारों को रजिस्ट्री करने से मना कर दिया है। जबकि पिछले 34 सालों से नगर परिषद इन दुकानों से किराया वसूल कर रहा है। नगर परिषद अधिकारियों ने जमीन नाम न होने का हवाला देकर रजिस्ट्री के लिए आए आवेदनों को स्वीकार करने से मना कर दिया है। जबकि स्वामित्व योजना के तहत 20 साल से किरायेदारों को नगर परिषद मालिकाना हक दे रहा है।
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मोबाइल मार्केट और क्लाॅथ मार्केट की जगह स्वास्थ्य विभाग के नाम बताई जा रही है। जमीन स्वास्थ्य विभाग से नगर परिषद के नाम ट्रांसफर न होने से रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है। जबकि दुकानदार नगर परिषद कार्यालयों में अधिकारियों के पास चक्कर काट रहे हैं। संवाद
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मिलकियत नहीं है नगर परिषद के नाम
मोबाइल मार्केट और क्लाॅथ मार्केट में करीब 34 साल पहले नगर परिषद ने कुछ दुकानों को बोली के जरिए बेच दिया और कुछ दुकानों को किराये पर दे रखा है। यहां तक की इनकी प्रॉपर्टी आईडी भी बनी है। लेकिन मिलकियत स्वास्थ्य विभाग के नाम होने के कारण नगर परिषद दुकानदारों का मालिकाना हक नहीं दे पा रहा है।
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नगर परिषद की शहर में ये हैं दुकानें
स्थान दुकान किराये पर दी गई दुकानें
ऑटो मार्केट 417 80
बीघड़ रोड 4 4
जीटी रोड चौबारे 16 16
साइकिल मार्केट 22 03
कपड़ा मार्केट 153 21
देवी लाल मार्केट 17 15
जीटी रोड 21 09
हंस मार्केट 08 08
जवाहर चौक 03 03
मीट मार्केट 11 10
सब्जी मंडी 04 04
शाॅपिंग काॅम्लेक्स 22 22
ठाकर बस्ती 01 01
थाना रोड 19 19
ट्यूबवेल 03 02
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34 दुकानों की हो चुकी है रजिस्ट्री
नगर परिषद स्वामित्व योजना के तहत 34 दुकानों की रजिस्ट्री करवा चुका है। इसके अलावा करीब 4 आवेदनों पर रजिस्ट्री की प्रक्रिया चल रही है। नगर परिषद क्लेक्टर रेट के अनुसार रजिस्ट्री करवा रहा है।

शहर की मोबाइल मार्केट में 30 वर्षों से दुकान है। नगर परिषद अधिकारियों के पास जब हम रजिस्ट्री करवाने को लेकर गए तो अधिकारियों ने जवाब दिया कि अभी तक ये जमीन नगर परिषद के नाम नहीं तो आपके नाम कैसे हो जाएगी। मोबाइल मार्केट की आधी दुकानों की रजिस्ट्री हो चुकी है और आधी दुकानों की रजिस्ट्री बाकी है।
- प्रवेश कुमार, दुकानदार

हमारी दुकान को 20 वर्ष से ज्यादा का समय हो चुका है। रजिस्ट्री के बारे में जब नगर परिषद अधिकारियों से पूछा तो उन्होनें बताया कि यह मार्केट स्वास्थ्य विभाग के नाम है, हमारे नाम नहीं है इसलिए हम यह जमीन आपके नाम नहीं करवा सकते है। रजिस्ट्री के लिए हमने कई बार अधिकारियों को बताया लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं आया।
- दीपक कुमार, दुकानदार

यहां दुकान को 20 वर्ष से ज्यादा का समय हो चुका है। दुकान की रजिस्ट्री के बारे में अधिकारियों से बात की तो उन्होंने कोई खास जबाब नहीं दिया और बोले कि यह जमीन अभी नगर परिषद के नाम ही नहीं तो आपके नाम नहीं करवा सकते। हमने नगर परिषद को कहा कि जब जमीन आपके ही नाम नहीं है तो फिर आप किराया क्यों ले रहे हैं। मोबाइल मार्केट के सभी दुकानदारों ने दो वर्ष पहले उपायुक्त के खुले दरबार में दुकानों की रजिस्ट्री की मांग की थी लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ।
-राजकुमार, दुकानदार

हाउस बैठक में उठेगा मुद्दा
मोबाइल मार्केट और क्लाॅथ मार्केट के दुकानदार शर्तो को पूरा करते हैं लेकिन फिर भी उन्हें मालिकाना हक नहीं मिला है। हाउस बैठक में पहले भी मुद्दा उठाया जा चुका है और अब फिर मुद्दा रखा जाएगा।

- मोहन लाल नारंग, पार्षद

हमारे पास कोई आवेदन आएगा तो प्रयास किया जाएगा। कई ऐसी जगह है जो कि राजस्व रिकॉर्ड में अलग-अलग विभागों के नाम जमीन है। नियम के अनुसार रजिस्ट्री करवाकर दुकानदारों को मालिकाना हक दिया जा रहा है।
- ऋषिकेश चौधरी, ईओ नगर परिषद
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