हरियाणा: पंचकूला में किसानों पर लाठीचार्ज, सिरसा में सांसद के घर के आगे फूंकीं कृषि कानून की प्रतियां
कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का गुस्सा शनिवार को एक बार फिर फूट पड़ा। हरियाणा में कई जगह किसानों ने प्रदर्शन कर केंद्र के खिलाफ नारेबाजी की।
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कृषि कानून के विरोध में शनिवार को किसानों ने संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर संपूर्ण क्रांति दिवस मनाया। प्रदेश में जगह जगह प्रदर्शन किए गए। वहीं मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि किसी को कानून-व्यवस्था में बाधा नहीं डालनी चाहिए। प्रदर्शन शांति से करना चाहिए। यदि प्रदर्शन कानून और व्यवस्था की स्थिति को प्रभावित करता है, तो हम आवश्यक कार्रवाई करेंगे।
They (protesters) should not hamper law & order. They should do it peacefully. If it affects the law & order situation, we'll take the required action: Haryana CM Manohar Lal Khattar on ‘Sampoorna Kranti Diwas’ observed by Samyukta Kisan Morcha (SKM), today pic.twitter.com/EjWBykKR7M
— ANI (@ANI) June 5, 2021विज्ञापन
पंचकूला में किसानों ने कृषि कानूनों को वापस लेने के लिए माजरी चौक, पिंजौर टोल प्लाजा और नग्गल टोल प्लाजा बरवाला, रायपुररानी सहित कई जगह प्रदर्शन किया। किसान अपनी मांग को लेकर प्रदर्शन करते हुए माजरी चौक पर आ गए। किसानों को हटने के लिए कहा गया लेकिन किसानों ने अनसुनी करते हुए बैरिकेट हटाने का प्रयास किया। इस पर पुलिस की ओर से लाठी चार्ज कर दी गई है।
भारतीय किसान यूनियन के पिंजौर ब्लॉक प्रधान गुरजंट सिंह की अगुवाई में टोल प्लाजा चंडीमंदिर से किसान पंचकूला की ओर रवाना हुए। वह माजरी चौक पर आ गए। उन्होंने बताया कि सरकार उनकी कोई सुनवाई नहीं कर रही है। कृषि कानून किसानों के हित में नहीं है। इस दौरान किसानों ने कृषि कानून की प्रतियों को जलाया। इस मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा।
सिरसा में सांसद सुनीता दुग्गल के आवास के आगे कृषि कानून की प्रतियां जलाईं। इससे पहले किसान सुबह 11 बजे शहीद भगत सिंह स्टेडियम में इकट्ठा हुए। किसानों ने पैदल ही हुडा सेक्टर स्थित सांसद के आवास की ओर मार्च किया।
सांसद की आवास की सुरक्षा के लिए मौके पर डीएसपी कुलदीप बेनीवाल के नेतृत्व में पुलिस बल तैनात था। किसानों ने पहले सुरक्षा चक्र पर आकर आगे जाने के लिए डीएसपी से गुहार लगाई। किसानों के अनुरोध पर दूसरे बैरिकेड पर किसानों को आने दिया गया। इसके बाद किसानों ने दूसरे के पास जाकर तीन कृषि कानून के विरोध में प्रतिया जलाकर सांसद और भाजपा के खिलाफ नारेबाजी की। किसानों के दूसरे गुट ने किसान चौक पर तीन कृषि कानून के विरोध में बिल की कॉपियां जलाई।