{"_id":"63d574a0ed8b1c1a262cc500","slug":"na-charkhidadri-news-c-21-1-41312-2023-01-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Charkhi Dadri News: रानीला राजकीय स्कूल अब शहीद गोपाल सिंह राजकीय मॉडल संस्कृति प्राथमिक विद्यालय के नाम से जाना जाएगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Charkhi Dadri News: रानीला राजकीय स्कूल अब शहीद गोपाल सिंह राजकीय मॉडल संस्कृति प्राथमिक विद्यालय के नाम से जाना जाएगा
Sun, 29 Jan 2023 12:46 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sun, 29 Jan 2023 12:46 AM IST
विज्ञापन
रानीला स्कूल का नामकरण करते जिलाध्यक्ष सतेंद्र परमार। संवाद
बौंदकलां। रानीला राजकीय स्कूल अब शहीद गोपाल सिंह राजकीय मॉडल संस्कृति प्राथमिक विद्यालय के नाम से जाना जाएगा। शनिवार को स्कूल परिसर में नामकरण समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि भाजपा जिलाध्यक्ष सतेंद्र परमार ने शिरकत की।
शनिवार को आयोजित हुए कार्यक्रम की अध्यक्षता कमलेश देवी ने की। कार्यक्रम में स्कूल स्टाफ व मौजिज ग्रामीणों ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया। इसके बाद जिलाध्यक्ष सतेंद्र परमार ने स्कूल की नामकरण पट्टिका का अनावरण किया। इस दौरान मुख्य अतिथि ने शहीदों के परिजनों व होनहारों को पुरस्कृत किया।
उन्होंने कहा कि शहीदों की शहादत और उनके बलिदान से ही आजाद भारत की इबारत लिखी गई है। शहीदों का सम्मान ही सच्ची देशभक्ति है। वतन की खातिर शहीद होना बेहद कम लोगों के भाग्य में लिखा होता है। उन्होंने कहा कि मरते तो सभी हैं मगर जो अपनी मातृभूमि की रक्षार्थ जान दे, वही शहादत है। इस दौरान सरपंच प्रतिनिधि संजीत पंवार, छह गांव प्रधान ऋषिराज नंबरदार, पूर्व सरपंच रामधन, डॉ. निरंजन शर्मा, हनुमान, श्रीराम, गोबिंद सिंह नंबरदार, मुंशीराम साहू, महाबीर सिंह, रोशन सिंह प्रधान, भीम सिंह, मनोज साहू, रामबीर शर्मा सहित स्कूल स्टाफ व विद्यार्थी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
शनिवार को आयोजित हुए कार्यक्रम की अध्यक्षता कमलेश देवी ने की। कार्यक्रम में स्कूल स्टाफ व मौजिज ग्रामीणों ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया। इसके बाद जिलाध्यक्ष सतेंद्र परमार ने स्कूल की नामकरण पट्टिका का अनावरण किया। इस दौरान मुख्य अतिथि ने शहीदों के परिजनों व होनहारों को पुरस्कृत किया।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि शहीदों की शहादत और उनके बलिदान से ही आजाद भारत की इबारत लिखी गई है। शहीदों का सम्मान ही सच्ची देशभक्ति है। वतन की खातिर शहीद होना बेहद कम लोगों के भाग्य में लिखा होता है। उन्होंने कहा कि मरते तो सभी हैं मगर जो अपनी मातृभूमि की रक्षार्थ जान दे, वही शहादत है। इस दौरान सरपंच प्रतिनिधि संजीत पंवार, छह गांव प्रधान ऋषिराज नंबरदार, पूर्व सरपंच रामधन, डॉ. निरंजन शर्मा, हनुमान, श्रीराम, गोबिंद सिंह नंबरदार, मुंशीराम साहू, महाबीर सिंह, रोशन सिंह प्रधान, भीम सिंह, मनोज साहू, रामबीर शर्मा सहित स्कूल स्टाफ व विद्यार्थी उपस्थित रहे।
विज्ञापन