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अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप: पंचकूला के 75 वर्षीय राम किशोर ने मालदीव में जीते दो स्वर्ण
Sat, 09 May 2026 12:15 PM IST
Nivedita
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: Nivedita
Updated Sat, 09 May 2026 12:15 PM IST
सार
राम किशोर शर्मा का अंतरराष्ट्रीय खेल सफर कई दशकों से शानदार रहा है। उन्होंने 1994 में जकार्ता (इंडोनेशिया) में एशियाई मास्टर्स में रजत पदक, 1996 में सियोल (साउथ कोरिया) में भी रजत पदक और वर्ष 2000 में बेंगलुरु, भारत में स्वर्ण पदक जीता था।
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वरिष्ठ एथलीट राम किशोर शर्मा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पंचकूला के सेक्टर-26 निवासी वर्षीय वरिष्ठ एथलीट राम किशोर शर्मा ने मालदीव (माले) में आयोजित दूसरी अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 75 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में डिस्कस थ्रो और जैवलिन थ्रो में दो स्वर्ण पदक जीते हैं।
राम किशोर शर्मा का अंतरराष्ट्रीय खेल सफर कई दशकों से शानदार रहा है। उन्होंने 1994 में जकार्ता (इंडोनेशिया) में एशियाई मास्टर्स में रजत पदक, 1996 में सियोल (साउथ कोरिया) में भी रजत पदक और वर्ष 2000 में बेंगलुरु, भारत में स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद उन्होंने विभिन्न देशों में आयोजित मास्टर्स प्रतियोगिताओं में लगातार स्वर्ण, रजत और कांस्य पदक हासिल किए हैं।
2022 में ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में 100 मीटर दौड़ के दौरान चोट लगने के बाद उन्होंने जैवलिन थ्रो पर ध्यान केंद्रित किया। कठिन मेहनत के बाद 2024 में सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता। इसके बाद 2025 में राष्ट्रीय चैंपियनशिप, थाईलैंड ओपन और वर्ल्ड मास्टर्स गेम्स ताइवान में भी पदक जीतकर अपनी प्रतिभा साबित की।
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राम किशोर शर्मा का अंतरराष्ट्रीय खेल सफर कई दशकों से शानदार रहा है। उन्होंने 1994 में जकार्ता (इंडोनेशिया) में एशियाई मास्टर्स में रजत पदक, 1996 में सियोल (साउथ कोरिया) में भी रजत पदक और वर्ष 2000 में बेंगलुरु, भारत में स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद उन्होंने विभिन्न देशों में आयोजित मास्टर्स प्रतियोगिताओं में लगातार स्वर्ण, रजत और कांस्य पदक हासिल किए हैं।
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2022 में ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में 100 मीटर दौड़ के दौरान चोट लगने के बाद उन्होंने जैवलिन थ्रो पर ध्यान केंद्रित किया। कठिन मेहनत के बाद 2024 में सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता। इसके बाद 2025 में राष्ट्रीय चैंपियनशिप, थाईलैंड ओपन और वर्ल्ड मास्टर्स गेम्स ताइवान में भी पदक जीतकर अपनी प्रतिभा साबित की।
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