{"_id":"69123928d270265ebc0b93e9","slug":"documents-can-be-uploaded-again-from-tomorrow-no-fee-will-be-required-haryana-news-chandigarh-haryana-news-c-16-1-pkl1095-867881-2025-11-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh-Haryana News: कल से दोबारा अपलोड करा सकेंगे दस्तावेज, नहीं देना होगा कोई शुल्क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh-Haryana News: कल से दोबारा अपलोड करा सकेंगे दस्तावेज, नहीं देना होगा कोई शुल्क
विज्ञापन
-रजिस्ट्री कराने के लिए सभी ब्योरा आमजन को सही भरना होगा
चंडीगढ़। हरियाणा में पेपरलेस रजिस्ट्री कराने के लिए यदि किसी भी व्यक्ति ने राजस्व विभाग के पोर्टल पर दस्तावेज अपलोड किए हैं और दोबारा से कोई दस्तावेज जमा कराने हैं तो ऐसा करने की सुविधा होगी। अब 12 नवंबर से राजस्व विभाग नई सुविधा शुरू करेगा जिसमें रिवर्ट विद ऑब्जेक्शन यानी दस्तावेजों के दोबारा से सुधारने का माैका मिलेगा। इसके लिए आमजन को कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा हालांकि प्रारंभिक जानकारी पूरी तरह से सही होनी चाहिए।
हरियाणा की वित्त आयुक्त राजस्व डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि साझेदारी या सहयोग विलेखों के लिए वर्ण सीमा 500 से बढ़ाकर 10,000 वर्ण कर दी गई है जिससे विस्तृत नियम और शर्तें पूरी तरह से दर्ज की जा सकेंगी। यह भी बताया कि 35 आईटी कर्मियों को समायोजित करने की क्षमता वाला यह केंद्र आंतरिक सॉफ्टवेयर समाधान विकसित करने और महत्वपूर्ण राजस्व सेवाओं के निर्बाध संचालन को सुनिश्चित करने के लिए एक प्रमुख केंद्र के रूप में कार्य करेगा। नव-स्थापित आईटी सेल वेब हेल्थ, जमाबंदी, ई-भूमि और ई-क्षतिपूर्ति सहित विभिन्न सरकारी पोर्टलों पर निर्बाध राजस्व सेवाओं की निगरानी की महत्वपूर्ण कार्यों में तेजी आएगी। रजिस्ट्री सेवाओं से जुड़ी दिक्कतों का समाधान करते हुए डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि सभी रजिस्ट्री कार्यालय सुचारू रूप से काम कर रहे हैं। ब्यूरो
विज्ञापन
चंडीगढ़। हरियाणा में पेपरलेस रजिस्ट्री कराने के लिए यदि किसी भी व्यक्ति ने राजस्व विभाग के पोर्टल पर दस्तावेज अपलोड किए हैं और दोबारा से कोई दस्तावेज जमा कराने हैं तो ऐसा करने की सुविधा होगी। अब 12 नवंबर से राजस्व विभाग नई सुविधा शुरू करेगा जिसमें रिवर्ट विद ऑब्जेक्शन यानी दस्तावेजों के दोबारा से सुधारने का माैका मिलेगा। इसके लिए आमजन को कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा हालांकि प्रारंभिक जानकारी पूरी तरह से सही होनी चाहिए।
हरियाणा की वित्त आयुक्त राजस्व डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि साझेदारी या सहयोग विलेखों के लिए वर्ण सीमा 500 से बढ़ाकर 10,000 वर्ण कर दी गई है जिससे विस्तृत नियम और शर्तें पूरी तरह से दर्ज की जा सकेंगी। यह भी बताया कि 35 आईटी कर्मियों को समायोजित करने की क्षमता वाला यह केंद्र आंतरिक सॉफ्टवेयर समाधान विकसित करने और महत्वपूर्ण राजस्व सेवाओं के निर्बाध संचालन को सुनिश्चित करने के लिए एक प्रमुख केंद्र के रूप में कार्य करेगा। नव-स्थापित आईटी सेल वेब हेल्थ, जमाबंदी, ई-भूमि और ई-क्षतिपूर्ति सहित विभिन्न सरकारी पोर्टलों पर निर्बाध राजस्व सेवाओं की निगरानी की महत्वपूर्ण कार्यों में तेजी आएगी। रजिस्ट्री सेवाओं से जुड़ी दिक्कतों का समाधान करते हुए डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि सभी रजिस्ट्री कार्यालय सुचारू रूप से काम कर रहे हैं। ब्यूरो
विज्ञापन