फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   Creativity is present in every sphere of life

Bhiwani News: जीवन के हर क्षेत्र में बसी है सृजनात्मकता

Sat, 30 Aug 2025 01:59 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी Updated Sat, 30 Aug 2025 01:59 AM IST
विज्ञापन
Creativity is present in every sphere of life
राजीव गांधी राजकीय महिला महाविद्यालय में अमर उजाला  फांउडेशन द्वारा आयोजित  अपराजिता कार्यक्रम  - फोटो : काजल के परिवार को सांत्वना देने पहुंचे केंद्रीय राज्यमंत्री एसपी सिंह बघेल।
भिवानी। राजीव गांधी राजकीय महिला महाविद्यालय में शुक्रवार को अमर उजाला फाउंडेशन के तहत अपराजिता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का विषय सृजनात्मकता रखा गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि महाराजा नीमपाल सिंह राजकीय महाविद्यालय से डॉ. प्रवेश कुमारी, सहायक प्राध्यापिका कंप्यूटर साइंस व विशिष्ट अतिथि के तौर पर चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय से हिंदी विभाग की सहायक प्राध्यापिका डॉ. महक ने शिरकत की।
विज्ञापन

वक्ताओं ने कहा कि सृजनात्मकता के बिना कुछ भी संभव नहीं है। सृजनात्मकता से किसी समस्या को नए और अनोखे तरीके से देखना उसके मौलिक समाधान खोजने के साथ-साथ अपनी कल्पना का उपयोग करके नए विचार उत्पन्न करना, असंबंधित अवधारणाओं के बीच नए संबंध बनाना और संभावनाओं को खोजा जा सकता है। यह एक ऐसा कौशल है जिसे कोई भी व्यक्ति सीख और विकसित कर सकता है। जो कि जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में मूल्यवान है, चाहे फिर वह कला हो, विज्ञान हो, व्यवसाय हो या फिर व्यक्तिगत मामला हो। कार्यक्रम में 50 छात्राओं और 10 प्राध्यापिकाओं की भागीदारी रही।
विज्ञापन

सृजनात्मकता और नारी दोनों ही एक दूसरे के परिपूरक :
डॉ. रेनू बाला, डॉ. भामा अग्रवाल, डॉ. ज्योति, प्रो मंजू, प्रो मोनिका, प्रो सीमा, प्रो सविता व प्रो अनीता ने कहा कि सृजनात्मकता का सबसे बड़ा माध्यम नारी है। सृजनात्मकता और नारी दोनों ही एक दूसरे के परिपूरक हैं। जहां नारी होगी वहां सृजनात्मकता आना स्वाभाविक है। चाहे वह कार्यस्थल, घर या राजनीतिक कार्य ही क्यों न हो। हमेशा से ही जहां पर भी नारी को मौका मिला है, वहां उसने अपनी सृजनात्मकता को साबित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन



सृजनात्मकता एक ऐसा कौशल है जिसे कोई भी व्यक्ति सीख और विकसित कर सकता है। जो कि जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में बसा हुआ है। इसके बिना कुछ भी संभव नहीं है। सृजनात्मकता से किसी भी स्वरूप को नए और अनोखे तरीके से देखना उसके मौलिक समाधान खोजने के साथ-साथ अपनी कल्पना का उपयोग करके नए विचार उत्पन्न करने का सार्थक होता है।

- डॉ. प्रवेश कुमारी, सहायक प्राध्यापिका, कंप्यूटर साइंस, महाराजा नीमपाल सिंह राजकीय महाविद्याल।


सृजनात्मकता छात्रों को निष्क्रियता से जानकारी प्राप्त करने पर ध्यान केंद्रित करते हैं जो कि विद्यार्थी जीवन में अहम रोल अदा करती है। यह पारंपरिक शिक्षण विधियों से अलग होता है। सृजनात्मकता एक प्रभावी शिक्षण दृष्टिकोण है। यह ज्ञान का निर्माण करने, समस्याओं को हल करने और अपने जीवन में सफल होने में मदद करता है।
- डॉ. महक, सहायक प्राध्यापिका, हिंदी विभाग, चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed