अब अपने शहर में अप्पू घर
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साइबर सिटी के सेक्टर-29 में अप्पू घर लगभग बनकर तैयार हो गया है। अंतिम चरण का काम बेहद तेजी से चल रहा है। दिल्ली से करीब पांच साल पहले इसे उजाड़ा गया था। नए अप्पू घर को हुडा सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के पीछे 60 एकड़ में बनाया गया है। इसे दो महीने बाद जनता के लिए खोल दिया जाएगा। नए अप्पू घर में पुरानी राइड्स के अलावा विदेशों में प्रचलित कई राइड भी शामिल होंगी। यहां पारिवारिक मनोरंजन केंद्र और वॉटर पार्क भी बनाया जा रहा है। यहां बने वाटर पार्क में जंगल में किसी झील में बोटिंग करने जैसा लुत्फ उठा पाएंगे।
इसके आसपास घना जंगल होगा। बोटिंग करते समय जंगली जानवरों की आवाजें सुनाई देंगी। वेव पूल में आर्टिफिशियल समुद्री लहरें बनाई जाएंगी। राइडर को इन लहरों के बीच समुद्र में होने का एहसास होगा। यह एक कनेडियन राइड है। पूरे एनसीआर के किसी भी वॉटर पार्क में इस तरह की लहरें नहीं हैं। पार्क में आइकॉनिक टावर बनाया जाएगा। इसकी ऊंचाई जमीन से करीब 140 मीटर होगी। दावा किया जा रहा है कि यह इस तरह का देश का पहला टावर होगा। इस टावर के सबसे ऊपर एक रेस्तरां भी बनेगा। इस टावर से सारे एनसीआर का नजारा देखा जा सकेगा। इसके अलावा इसमें सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए विभिन्न खेलों की व्यवस्था होगी। पारिवारिक मनोरंजन केंद्र भी खोला जाएगा। इसमें अलग-अलग फ्लोर पर अलग-अलग आयु वर्ग के लोगों के लिए मनोरंजन की व्यवस्था होगी।
क्यों बंद हुआ दिल्ली में
अप्पू घर के लिए लीज पर ली गई करीब 15.5 एकड़ जमीन का 1999 के बाद नवीनीकरण ही नहीं कराया जा सका। ऐसे में सुप्रीम कोर्ट ने इसकी जमीन पर पुस्तकालय, वकीलों के बैठने के लिए चेंबर और पार्किंग इत्यादि बनाने के निर्देश जारी कर दिए। साथ ही, अप्पू घर की संचालक कंपनी को भी निर्देश दिए कि वह किसी अन्य स्थान पर अप्पू घर को स्थापित करे। कंपनी ने कई स्थानों का अवलोकन करने के बाद साइबर सिटी को चुना।
फैक्ट फाइल
1984 में देश का पहला अप्पू घर दिल्ली में खुला
19 नवंबर को राजीव गांधी ने किया उद्घाटन
24 साल का यादगार सफल तय किया
2008 में कोर्ट के निर्देश के बाद बंद करना पड़ा
2011 में नए अप्पू घर का शिलान्यास हु़आ