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Ambala News: औद्योगिक क्षेत्र में एक फीट तक सड़कों पर जलभराव
Fri, 12 Sep 2025 12:47 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
Updated Fri, 12 Sep 2025 12:47 AM IST
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अंबाला छावनी के औद्योगिक क्षेत्र में सड़कों पर जलभराव। संवाद
माई सिटी रिपोर्टर,
अंबाला। औद्योगिक क्षेत्र में चार दिन पहले अतिरिक्त पंप लगाने के बाद तेजी से पानी की निकासी हुई। इतनी क्षमता से काम करने के बाद भी औद्योगिक क्षेत्र की सड़कों पर एक से डेढ़ फीट तक जलभराव के हालात हैं। वहीं अधिकांश फैक्टरियों से पानी निकल गया है।
हालांकि अभी ट्रैक्टरों के माध्यम से ही क्षेत्र में कारोबारी खुद व अपने कर्मचारियों को फैक्टरियों तक भेज रहे हैं, जिससे हालात के बारे में पता चल सके। औद्योगिक क्षेत्र में जलभराव हुए पूरे 9 दिन बीत चुके हैं। इन दिनों में यहां से जलभराव निकालना किसी चुनौती से कम नहीं था। इस काम काे हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (एचएसआईआईडीसी) की इंजीनियरिंग शाखा के अधिकारियों व कर्मचारियों की 13 सदस्यीय टीम के सदस्यों ने जिला प्रशासन की मदद लेकर किया।
इस बार सात जगहों से टूटी सुरक्षा
औद्योगिक क्षेत्र में वर्ष 2023 में बाढ़ आई थी तो तीन स्थानों से आधे घंटे में ही पूरा क्षेत्र डूब गया था। सुरक्षा रखते हुए इस बार बांध बनाकर ऊंचा भी किया गया था, मगर यह तरकीब कामयाब नहीं हुई। इस बार टांगरी नदी में 40 हजार क्यूसेक से अधिक पानी आने पर पानी सात जगहों से सुरक्षा को तोड़ता हुआ क्षेत्र में घुस गया। पानी ने पहले अस्थाई बांध को पार किया फिर कुछ दीवारों को भी तोड़ दिया। इसी प्रकार राष्ट्रीय राजमार्ग से भी पानी क्षेत्र में दाखिल हुआ, जबकि पिछली बार ऐसा नहीं था। अब इसी सुरक्षा को मजबूत करने पर मंथन हो रहा है। वहीं क्षेत्र के पीछे टांगरी नदी पर कोई पक्का बांध न होना भी इस बार क्षेत्र के डूबने का कारण बना।
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दिल्ली से मंगाना पड़ा पाइप
एचएसआईआईडीसी की इंजीनियरिंग शाखा में डीजीएम अजय बंसल ने बताया कि इंडस्ट्रियल एरिया में बारिश का पानी निकालने के लिए तीन पंप पहले से ही लगे हुए हैं। मगर अत्यधिक पानी आने पर यह पंप अपने क्षमता के अनुसार काम नहीं कर पा रहे थे। इसके बाद तीन अतिरिक्त पंप लगाई गईं। फायर ब्रिगेड की गाड़ी की मदद से लेकर पानी की निकासी कराई गई। मगर फिर भी सफलता नहीं मिल रही थी। पानी निकासी के लिए जो भी पाइप लाते वह कामयाब नहीं होता। ऐसे में दिल्ली से आठ इंच का पाइप मंगाया गया, जिससे पानी तेज गति से निकल सका।
छह पंप लगाईं, दो नदियों में छोड़ा पानी
विभाग ने औद्योगिक क्षेत्र में कुल छह पंप लगाईं। जिसमें से एचएसआईआईडीसी की तीन पंप का पानी टांगरी नदी में छह दिन तक छोड़ा गया। इसके बाद तीन अतिरिक्त पंप का पानी ओमला नदी में चार दिनों से छोड़ा जा रहा है। जिससे छह फीट पर पहुंचा पानी अब एक से डेढ़ फीट तक आ गया है।
अभी फैक्टरियों से पानी निकल गया है, मगर सड़क पर अभी भी जलभराव के हालात हैं। कार लेकर फैक्टरी तक जाना मुश्किल है।-- -- -- -- आशीष तायल, कारोबारी
आज अपनी फ्लोर मिल में मैंने बेटे को भेजा था, मेरी मिल से पानी निकल गया है। मगर गाड़ी लेकर जाने में अभी कम से कम दो दिन का समय लगेगा।-- -- -- -सुभाष मित्तल, कारोबारी
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अंबाला। औद्योगिक क्षेत्र में चार दिन पहले अतिरिक्त पंप लगाने के बाद तेजी से पानी की निकासी हुई। इतनी क्षमता से काम करने के बाद भी औद्योगिक क्षेत्र की सड़कों पर एक से डेढ़ फीट तक जलभराव के हालात हैं। वहीं अधिकांश फैक्टरियों से पानी निकल गया है।
हालांकि अभी ट्रैक्टरों के माध्यम से ही क्षेत्र में कारोबारी खुद व अपने कर्मचारियों को फैक्टरियों तक भेज रहे हैं, जिससे हालात के बारे में पता चल सके। औद्योगिक क्षेत्र में जलभराव हुए पूरे 9 दिन बीत चुके हैं। इन दिनों में यहां से जलभराव निकालना किसी चुनौती से कम नहीं था। इस काम काे हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (एचएसआईआईडीसी) की इंजीनियरिंग शाखा के अधिकारियों व कर्मचारियों की 13 सदस्यीय टीम के सदस्यों ने जिला प्रशासन की मदद लेकर किया।
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इस बार सात जगहों से टूटी सुरक्षा
औद्योगिक क्षेत्र में वर्ष 2023 में बाढ़ आई थी तो तीन स्थानों से आधे घंटे में ही पूरा क्षेत्र डूब गया था। सुरक्षा रखते हुए इस बार बांध बनाकर ऊंचा भी किया गया था, मगर यह तरकीब कामयाब नहीं हुई। इस बार टांगरी नदी में 40 हजार क्यूसेक से अधिक पानी आने पर पानी सात जगहों से सुरक्षा को तोड़ता हुआ क्षेत्र में घुस गया। पानी ने पहले अस्थाई बांध को पार किया फिर कुछ दीवारों को भी तोड़ दिया। इसी प्रकार राष्ट्रीय राजमार्ग से भी पानी क्षेत्र में दाखिल हुआ, जबकि पिछली बार ऐसा नहीं था। अब इसी सुरक्षा को मजबूत करने पर मंथन हो रहा है। वहीं क्षेत्र के पीछे टांगरी नदी पर कोई पक्का बांध न होना भी इस बार क्षेत्र के डूबने का कारण बना।
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दिल्ली से मंगाना पड़ा पाइप
एचएसआईआईडीसी की इंजीनियरिंग शाखा में डीजीएम अजय बंसल ने बताया कि इंडस्ट्रियल एरिया में बारिश का पानी निकालने के लिए तीन पंप पहले से ही लगे हुए हैं। मगर अत्यधिक पानी आने पर यह पंप अपने क्षमता के अनुसार काम नहीं कर पा रहे थे। इसके बाद तीन अतिरिक्त पंप लगाई गईं। फायर ब्रिगेड की गाड़ी की मदद से लेकर पानी की निकासी कराई गई। मगर फिर भी सफलता नहीं मिल रही थी। पानी निकासी के लिए जो भी पाइप लाते वह कामयाब नहीं होता। ऐसे में दिल्ली से आठ इंच का पाइप मंगाया गया, जिससे पानी तेज गति से निकल सका।
छह पंप लगाईं, दो नदियों में छोड़ा पानी
विभाग ने औद्योगिक क्षेत्र में कुल छह पंप लगाईं। जिसमें से एचएसआईआईडीसी की तीन पंप का पानी टांगरी नदी में छह दिन तक छोड़ा गया। इसके बाद तीन अतिरिक्त पंप का पानी ओमला नदी में चार दिनों से छोड़ा जा रहा है। जिससे छह फीट पर पहुंचा पानी अब एक से डेढ़ फीट तक आ गया है।
अभी फैक्टरियों से पानी निकल गया है, मगर सड़क पर अभी भी जलभराव के हालात हैं। कार लेकर फैक्टरी तक जाना मुश्किल है।
आज अपनी फ्लोर मिल में मैंने बेटे को भेजा था, मेरी मिल से पानी निकल गया है। मगर गाड़ी लेकर जाने में अभी कम से कम दो दिन का समय लगेगा।