फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Ambala News ›   Registry could not be done due to website not working

Ambala News: वेबसाइट न चलने से नहीं हो सकी रजिस्ट्री

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 05 Aug 2025 01:41 AM IST
विज्ञापन
Registry could not be done due to website not working
अंबाला। एक अगस्त को कलेक्टर रेट सरकार ने लागू कर दिए थे। मगर चार दिन बाद भी लोगों की रजिस्ट्री नए व पुराने किसी प्रकार के कलेक्टर रेटों में नहीं हो सकी है। सोमवार को उम्मीद थी कि तहसील में रजिस्ट्री होंगी, मगर लोगों को मायूस होकर वापस लौटना पड़ा। अंबाला छावनी की तहसील में सुबह लोगों के रजिस्ट्री के लिए टोकन तो काट दिए मगर वेबसाइट (वेब हेलरिस) न चलने से कोई काम नहीं हो सका।
विज्ञापन

यही हाल जिले में अन्य तहसीलों पर दिखाई दिया। पहले तो लोगों को उम्मीद थी कि एक दो घंटे बार पोर्टल चल जाएगा मगर पोर्टल नहीं चला। इस कारण से रजिस्ट्री, इंतकाल, जमाबंदी जैसे रोजाना के कार्य नहीं हो सके। इससे पहले एक अगस्त को सॉफ्टवेयर पर अपडेटेशन को लेकर रजिस्ट्रियां नहीं हो सकी थीं।
विज्ञापन



बॉक्स

10 से 50 प्रतिशत तक बढ़े हैं कलेक्टर रेट

अंबाला जिला में कई काॅलोनियों व ग्रामीण क्षेत्रों में 10 से 50 प्रतिशत तक कलेक्टर रेट एक अगस्त से बढ़ाए गए हैं। इन बढ़े हुई दरों से स्टांप ड्यूटी भी महंगी हो गई है। इसक कितना असर पड़ा है लोगों को रजिस्ट्री कराते समय ही समझ आएगा। शहरी क्षेत्र में बढ़े हुए कलेक्टर रेट का अधिक प्रभाव देखने को मिलेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन




छुट्टियां हुई खत्म, नहीं हुई रजिस्ट्री

शहजादपुर के गांव बड़ी बस्सी निवासी नायब सूबेदार बबलू चौहान ने बताया कि उन्होंने अंबाला सिटी में प्लॉट खरीदा है। वह 28 जुलाई कैंट तहसील में चक्कर काट रहे हैं। उनकी छुट्टियां खत्म हो चुकी हैं। रजिस्ट्री के काम के लिए तीन दिन की छुट्टियां बढ़वाईं थी। इनकी पोस्टिंग पुणे में है। ऐसे में वापसी के लिए ट्रेन की टिकट भी कटा ली थी, अभी तक रजिस्ट्री नहीं हुई। अब सेना में मंगलवार को दोबारा अवकाश लेने की कोशिश करूंगा, अवकाश मिलता है तो ठीक है वरना वापस लौटना होगा।


----------

भूख से रहे परेशान

अंबाला सिटी के मंडोर गांव निवासी 62 वर्षीय श्योराण ने बताया कि मुझे जमाबंदी लेनी थी। सुबह साढ़े 10 बजे तहसील में पहुंच गया। काफी देर तक बैठा रहा। घर से भोजन भी नहीं कर के आया था। परेशान हो गया हूं। पहले लगा था कि वेबसाइट चल जाएगी मगर नहीं चली। तहसील में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं देता।

वर्जन------
पोर्टल न चलने के कारण कार्य करने में दिक्कत आई। इसमें मुख्यालय से सुधार किया जा रहा है।----------सुनील कुमार, नायब तहसीलदार
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed