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Ambala News: आईएमटी के लिए चिन्हित जमीनों को डूबने से बचाने की बनाए कार्ययोजना
Fri, 12 Sep 2025 12:37 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
Updated Fri, 12 Sep 2025 12:37 AM IST
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शहर के लोक निर्माण विश्राम गृह में पूर्व राज्यमंत्री असीम गोयल अधिकारियों के साथ बैठक करते हुए।
- फोटो : संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला सिटी। पूर्व राज्यमंत्री असीम गोयल नन्यौला ने गुरुवार को लोक निर्माण विश्राम गृह में अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने शहर विधानसभा क्षेत्र में भविष्य में जल भराव की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके तहत परियोजनाएं बनाने पर विचार विमर्श किया ताकि आमजन को जल भराव की स्थिति का सामना न करना पड़े।
असीम गोयल ने प्रशासन को सिटी में इंडस्ट्रियल मॉडल टाउनशिप यानि आईएमटी के लिए चिन्हित जगहाें पर विशेष कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए हैं। इस मामले को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था, जिसमें बताया था कि जिस स्थान पर आईएमटी बनाना तय हो रहा है वहां जलभराव भविष्य में दिक्कत दे सकता है। इस बार भी यह क्षेत्र घग्गर में पानी आने से जलमग्न हुआ। पूर्व राज्यमंत्री ने बताया कि बिशनगढ, नग्गल, खैरा, सेगता, सेगती सहित 15 गांवों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न होती है, उसमें जलभराव से जल्द निपटें। उन्होंने कहा कि आईएमटी के लिए जो गांव अपलोड किए गए हैं, जिनकी जमीनें अधिकृत की गई है, वहां पर जल भराव की स्थिति उत्पन्न नहीं होनी चाहिए, इसके लिए रूपरेखा तैयार होनी चाहिए जोकि कई वर्षों तक क्रियांवित रहे।
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गांवों में संपर्क कर निकालें समाधान
पूर्व मंत्री गोयल ने कहा कि नरवाना ब्रांच को सुदृढ़ एवं मजबूत करने के लिए स्वीकृति मिल चुकी है। इसके लिए सिंचाई विभाग यह सुनिश्चित करें कि इस कार्य को ऐसी एंजेंसी से करवाना सुनिश्चित करवाएं, जो इस कार्य को पूरी गुणवत्ता के साथ समय अवधि के तहत करना सुनिश्चित करें। इसी प्रकार उन्होंने इसके साथ ही अगले 25 गांवों के लिए सिंचाई विभाग को रूपरेखा तैयार करने बारे कहा। वहीं, शहर विधानसभा क्षेत्र के तहत अंतिम छोर में पड़ने वाले गांव जंधेडी, बालापुर सहित ऐसे 10 गांव है, जिनमें प्राकृतिक आपदा रहती है, इसको भी ध्यान में रखते हुए संबंधित विभाग के अधिकारी इन गांवों का जायजा लें। संबंधित सरपंचों व ग्राम सभाओं के माध्यम से इसके लिए प्रस्ताव पास करवाएं ताकि इन गांवों के लिए भी परियोजनाएं बनाई जा सकें ताकि आने वाले समय में इन गांवों केा भी जलभराव की स्थिति से निजात दिलवाई जा सके।
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अंबाला सिटी। पूर्व राज्यमंत्री असीम गोयल नन्यौला ने गुरुवार को लोक निर्माण विश्राम गृह में अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने शहर विधानसभा क्षेत्र में भविष्य में जल भराव की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके तहत परियोजनाएं बनाने पर विचार विमर्श किया ताकि आमजन को जल भराव की स्थिति का सामना न करना पड़े।
असीम गोयल ने प्रशासन को सिटी में इंडस्ट्रियल मॉडल टाउनशिप यानि आईएमटी के लिए चिन्हित जगहाें पर विशेष कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए हैं। इस मामले को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था, जिसमें बताया था कि जिस स्थान पर आईएमटी बनाना तय हो रहा है वहां जलभराव भविष्य में दिक्कत दे सकता है। इस बार भी यह क्षेत्र घग्गर में पानी आने से जलमग्न हुआ। पूर्व राज्यमंत्री ने बताया कि बिशनगढ, नग्गल, खैरा, सेगता, सेगती सहित 15 गांवों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न होती है, उसमें जलभराव से जल्द निपटें। उन्होंने कहा कि आईएमटी के लिए जो गांव अपलोड किए गए हैं, जिनकी जमीनें अधिकृत की गई है, वहां पर जल भराव की स्थिति उत्पन्न नहीं होनी चाहिए, इसके लिए रूपरेखा तैयार होनी चाहिए जोकि कई वर्षों तक क्रियांवित रहे।
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गांवों में संपर्क कर निकालें समाधान
पूर्व मंत्री गोयल ने कहा कि नरवाना ब्रांच को सुदृढ़ एवं मजबूत करने के लिए स्वीकृति मिल चुकी है। इसके लिए सिंचाई विभाग यह सुनिश्चित करें कि इस कार्य को ऐसी एंजेंसी से करवाना सुनिश्चित करवाएं, जो इस कार्य को पूरी गुणवत्ता के साथ समय अवधि के तहत करना सुनिश्चित करें। इसी प्रकार उन्होंने इसके साथ ही अगले 25 गांवों के लिए सिंचाई विभाग को रूपरेखा तैयार करने बारे कहा। वहीं, शहर विधानसभा क्षेत्र के तहत अंतिम छोर में पड़ने वाले गांव जंधेडी, बालापुर सहित ऐसे 10 गांव है, जिनमें प्राकृतिक आपदा रहती है, इसको भी ध्यान में रखते हुए संबंधित विभाग के अधिकारी इन गांवों का जायजा लें। संबंधित सरपंचों व ग्राम सभाओं के माध्यम से इसके लिए प्रस्ताव पास करवाएं ताकि इन गांवों के लिए भी परियोजनाएं बनाई जा सकें ताकि आने वाले समय में इन गांवों केा भी जलभराव की स्थिति से निजात दिलवाई जा सके।
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