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Ambala News: मरीज की मौत, निजी डॉक्टर सहित एक अन्य पर केस

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 14 Mar 2025 02:11 AM IST
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Patient dies, case filed against private doctor and another person
अंबाला। करीब एक साल पहले छावनी के खुड्डा निवासी अंकुश की उपचार के दौरान मौत के मामले में नया मोड़ आया है। जिला मेडिकल नेग्लिजेंसी बोर्ड की दूसरी जांच में युवक के उपचार के दौरान अनियमिताएं पाई गई है। यह आरोप छावनी के निकलसन रोड स्थित डॉ. निखिल रस्तोगी दंत चिकित्सक व सिटी टीबी अस्पताल के डीएमएलटी नरेश कुमार पर लगे हैं। अंबाला कैंट थाना पुलिस ने छावनी के दांत चिकित्सक डॉ. निखिल रस्तोगी व नरेश कुमार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
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अंबाला कैंट थाना प्रभारी इंस्पेक्टर अजैब सिंह का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जाएगी। दरअसल, मृतक अंबाला छावनी के सुंदरपुरी निवासी अंकुश के पिता बलवंत ने आरोप लगाया था कि अंकुश कुमार के दांत का उपचार चल रहा था। इस दौरान दंत चिकित्सक डाॅ. निखिल रस्तोगी की ओर से गलत इंजेक्शन लगाने से बेटे की मौत हो गई। इस संबंध में नरेश कुमार पर भी आरोप लगे थे। मृतक अंकुश के पिता बलवंत ने इस मामले में अंबाला सीएमओ कार्यालय में शिकायत दी थी।
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जांच में उपचार के दौरान अनियमिताएं पाई गईं

दरअसल, मृतक के पिता बलवंत ने इस मामले में 4 अक्तूबर को सिविल सर्जन कार्यालय में शिकायत की थी। उसके बाद विभाग की तरफ से जांच कमेटी का गठन कर दिया गया था। इस कमेटी में उप सिविल सर्जन डॉ. कुलविंद्र कौर, डॉ. अर्पिता गर्ग, डेंटल सर्जन डॉ. कर्ण, डॉ. राज कमल, फिजिशियन डॉ. अनुज जैन, डॉ. दीपक गुप्ता, नीमा शामिल थीं। स्वास्थ्य विभाग की जांच में उपचार के दौरान अनियमिताएं पाई गई। पाया गया कि नरेश कुमार ने मरीज अंकुश कुमार को अपने सरकारी कार्यक्षेत्र से बाहर आकर बिना किसी के सुपरविजन के उसकी खून की नसों में इंजेक्शन लगा दिए।
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मरीज उनके पास आया था। उसे अंबाला सिटी नागरिक अस्पताल रेफर कर दिया था। मरीजों को वहां पर दवाई दी गई होगी लेकिन उसने उनके माध्यम से एक इंजेक्शन लगवा लिया था। स्वास्थ्य विभाग की पहली जांच में मैं निर्दोष साबित हुआ हूं। मरीज की विसरा रिपोर्ट से लेकर अन्य साक्ष्य मेरे पास हैं। विसरा रिपोर्ट में भी यह सामने नहीं आया कि गलत इंजेक्शन से मरीज की मौत हुई है। यह मामला गलत तरीके से दर्ज किया गया है। जरूरत पड़ी तो वह एफआईआर को चुनौती देंगे।
डॉ. निखिल रस्तोगी, आरोपी पक्ष
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