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जानलेवा हमला, मारपीट करने के दोषियों को 10-10 साल की कैद
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अंबाला सिटी। जानलेवा हमला व मारपीट करने के मामले में अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश रोहित वत्स की अदालत ने जानलेवा हमला करने के तीन दोषियों को 10-10 साल कैद व 10-10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है जबकि दो आरोपियों को बरी कर दिया गया है। इसके अलावा मारपीट करने पर इन्हें सात-सात साल की कैद व पांच-पांच हजार रुपये जुर्माना भुगतना पड़ेगा।
उप जिला न्यायवादी फूल सिंह सैनी ने बताया कि गांव करधान निवासी ज्ञानचंद की शिकायत पर गांव करधान के ही पांच लोगों पर आईपीसी की धारा 323, 324, 326, 307, 506 व 120बी के तहत मामला दर्ज किया गया था। शिकायकर्ता करधान निवासी ज्ञानचंद ने महेशनगर थाने में दर्ज शिकायत में बताया था कि 13 सितंबर 2016 को उसका छोटा भाई राम सिंह गांव के बस स्टैंड पर एक चाय की दुकान पर बैठा हुआ था कि गांव के ही रहने वाले वीरभान, बंटी, परिदास व दो अन्य ने हथियारों से लैस होकर उस पर पुरानी रंजिश रखते हुए हमला बोल दिया।
उसने यह भी बताया था कि उसके बाद वह तथा उसका भाई सतबीर भी मौके पर पहुंच गया था और जब वह बीच-बचाव करने लगा तो आरोपियों ने उन पर भी हमला बोल दिया। घटना में उसे व उसके भाई को गंभीर चोटें लगी थी। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों बीरभान, बंटी, परिदास के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था तथा रिंकू व बिशम के खिलाफ 120बी के तहत मामला दर्ज करते हुए उन्हें गिरफ्तार किया था। मामले में दोनो पक्षों की दलीलों को सुनने के उपरांत अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायधीश रोहित वत्स की अदालत ने बीरभान, बंटी, परिदास को सजा सुनाई है जबकि रिंकू व बिशम को बरी किया गया है।
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उप जिला न्यायवादी फूल सिंह सैनी ने बताया कि गांव करधान निवासी ज्ञानचंद की शिकायत पर गांव करधान के ही पांच लोगों पर आईपीसी की धारा 323, 324, 326, 307, 506 व 120बी के तहत मामला दर्ज किया गया था। शिकायकर्ता करधान निवासी ज्ञानचंद ने महेशनगर थाने में दर्ज शिकायत में बताया था कि 13 सितंबर 2016 को उसका छोटा भाई राम सिंह गांव के बस स्टैंड पर एक चाय की दुकान पर बैठा हुआ था कि गांव के ही रहने वाले वीरभान, बंटी, परिदास व दो अन्य ने हथियारों से लैस होकर उस पर पुरानी रंजिश रखते हुए हमला बोल दिया।
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उसने यह भी बताया था कि उसके बाद वह तथा उसका भाई सतबीर भी मौके पर पहुंच गया था और जब वह बीच-बचाव करने लगा तो आरोपियों ने उन पर भी हमला बोल दिया। घटना में उसे व उसके भाई को गंभीर चोटें लगी थी। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों बीरभान, बंटी, परिदास के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था तथा रिंकू व बिशम के खिलाफ 120बी के तहत मामला दर्ज करते हुए उन्हें गिरफ्तार किया था। मामले में दोनो पक्षों की दलीलों को सुनने के उपरांत अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायधीश रोहित वत्स की अदालत ने बीरभान, बंटी, परिदास को सजा सुनाई है जबकि रिंकू व बिशम को बरी किया गया है।
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