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Ambala News: पंजोखरा साहिब गुरुद्वारे में सजेंगे विशेष दीवान, गुरु नानक देव जी महाराज के प्रकाश पर्व होंगे समागम
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अंबाला। सिखों के आठवें गुरु श्री गुरु हरकृष्ण साहिब जी महाराज की चरण स्पर्श धरती गुरुद्वारा श्री पंजोखरा साहिब में बुधवार को विशेष कथा व कीर्तन समागम होंगे और दीवान सजाए जाएंगे। हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (एचएसजीएमसी) के कार्यकारी सदस्य स. रूपिंदर सिंह ने बताया कि गुरु नानक देव जी महाराज के प्रकाश पर्व के संबंध में आयोजित होने वाले समागम की तैयारी पूरी कर ली गई हैं और इस संबंध में गुरुद्वारा साहिब के मैनेजर सहित 30 से अधिक सेवादारों को जिम्मेदारी सौंपी गई है ताकि गुरुद्वारा साहिब आने वाली संगत को परेशानी का सामना न करना पड़े।
पंजोखरा साहिब का इतिहास
सिखों के आठवें गुरु श्री गुरु हरकृष्ण साहिब जी महाराज ने 1664 में कीरतपुर से दिल्ली जाते समय पंजोखरा साहिब गांव में विश्राम किया था। इस दौरान गुरु ने आध्यात्मिकता का ज्ञान फैलाया और कई महत्वपूर्ण घटनाएं हुईं। गुरु जी ने यहां छज्जू राम नामक गूंगे व बहरे व्यक्ति से भगवद्गीता के श्लोकों का वर्णन करवाया था। यह करामात देखकर अहंकारी पंडित लालचंद गुरु जी के चरणों में गिर पड़े थे। तभी से यहां प्रत्येक रविवार को विशेष दीवान सजाया जाता है और यहां गुरु की बख्शीश है कि जो भी सच्चे मन से यहां पांच रविवार आकर सरोवर में स्नान करके गुरु चरणों में वंदना करता है, उसकी सभी शुभ मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
आज संपन्न होंगे श्री अखंड पाठ साहिब
गुरुपर्व की खुशी में सोमवार को आरंभ किए श्री अखंड पाठ साहिब आज यानी बुधवार को संपन्न होंगे। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी महाराज के चरणों में अरदास उपरांत कथा व कीर्तन समागम आरंभ होंगे। इस दौरान गुरुद्वारा साहिब के अलावा अन्य शहरों से आए जत्थे संगत को नाम सिमरण करवाएंगे। तत्पश्चात लंगर का वितरण किया जाएगा। इस मौके पर मिष्ठान प्रसाद भी बांटा जाएगा, वहीं शाम के समय दीपमाला और आतिशबाजी का कार्यक्रम भी कुछ गुरुद्वारों में किया जाएगा।
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तैयारी शुरू
गुरुद्वारा श्री पंजोखरा साहिब के अलावा छावनी के स्थानीय गुरुद्वारों में भी साज-सज्जा का काम पूरा कर लिया गया है, वहीं मंगलवार को संगत लंगर की तैयारियों में जुट गई। गोबिंद नगर स्थित गुरुद्वारा साहिब में महिलाओं ने दोपहर के समय काम शुरू कर दिया था, वहीं गुरुद्वारे के प्रबंधक भी बर्तनों आदि की सफाई में जुट गए थे ताकि तड़के उठकर लंगर बनाने का कार्य शुरू किया जा सके। इस मौके पर दाल, सब्जी, रोटी और खीर का लंगर वितरित किया जाएगा।
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पंजोखरा साहिब का इतिहास
सिखों के आठवें गुरु श्री गुरु हरकृष्ण साहिब जी महाराज ने 1664 में कीरतपुर से दिल्ली जाते समय पंजोखरा साहिब गांव में विश्राम किया था। इस दौरान गुरु ने आध्यात्मिकता का ज्ञान फैलाया और कई महत्वपूर्ण घटनाएं हुईं। गुरु जी ने यहां छज्जू राम नामक गूंगे व बहरे व्यक्ति से भगवद्गीता के श्लोकों का वर्णन करवाया था। यह करामात देखकर अहंकारी पंडित लालचंद गुरु जी के चरणों में गिर पड़े थे। तभी से यहां प्रत्येक रविवार को विशेष दीवान सजाया जाता है और यहां गुरु की बख्शीश है कि जो भी सच्चे मन से यहां पांच रविवार आकर सरोवर में स्नान करके गुरु चरणों में वंदना करता है, उसकी सभी शुभ मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
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आज संपन्न होंगे श्री अखंड पाठ साहिब
गुरुपर्व की खुशी में सोमवार को आरंभ किए श्री अखंड पाठ साहिब आज यानी बुधवार को संपन्न होंगे। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी महाराज के चरणों में अरदास उपरांत कथा व कीर्तन समागम आरंभ होंगे। इस दौरान गुरुद्वारा साहिब के अलावा अन्य शहरों से आए जत्थे संगत को नाम सिमरण करवाएंगे। तत्पश्चात लंगर का वितरण किया जाएगा। इस मौके पर मिष्ठान प्रसाद भी बांटा जाएगा, वहीं शाम के समय दीपमाला और आतिशबाजी का कार्यक्रम भी कुछ गुरुद्वारों में किया जाएगा।
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तैयारी शुरू
गुरुद्वारा श्री पंजोखरा साहिब के अलावा छावनी के स्थानीय गुरुद्वारों में भी साज-सज्जा का काम पूरा कर लिया गया है, वहीं मंगलवार को संगत लंगर की तैयारियों में जुट गई। गोबिंद नगर स्थित गुरुद्वारा साहिब में महिलाओं ने दोपहर के समय काम शुरू कर दिया था, वहीं गुरुद्वारे के प्रबंधक भी बर्तनों आदि की सफाई में जुट गए थे ताकि तड़के उठकर लंगर बनाने का कार्य शुरू किया जा सके। इस मौके पर दाल, सब्जी, रोटी और खीर का लंगर वितरित किया जाएगा।