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दिल्ली के बाद हरियाणा फतह करेगी 'आप'
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Thu, 02 Jan 2014 08:19 AM IST
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दिल्ली विधानसभा चुनाव में ऐतिहासिक सफलता के बाद आम आदमी पार्टी (आप) ने हरियाणा के चुनावी समर में उतरने के लिए कमर कस ली है।
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दिल्ली की तरह पार्टी हरियाणा में भी भ्रष्टाचार को ही प्रमुख चुनावी मुद्दा बनाएगी। पार्टी का मुख्य चुनावी मुद्दा कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के दामाद राबर्ट वाड्रा से जुड़े भूमि सौदे के साथ-साथ हुड्डा सरकार के कार्यकाल में हुए भूमि अधिग्रहण में हुई कथित अनियमितता होगी।
पूरी ताकत से चुनाव लड़ने के लिए पार्टी के थिंक टैंक योगेंद्र यादव खुद चुनाव मैदान में उतरेंगे। पार्टी भ्रष्टाचार के मोर्चे पर कांग्रेस को घेरने के लिए वाड्रा मामले में तीखे तेवर दिखाने वाले आईएएस अधिकारी अशोक खेमका पर भी लगातार डोरे डाल रही है।
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‘आप’ हालांकि लोकसभा की 300 सीटों पर भी चुनाव लड़ने की तैयारी में है, मगर उसकी निगाहें हरियाणा विधानसभा चुनाव पर भी है।
पार्टी की योजना लोकसभा चुनाव में असरदार उपस्थिति दर्ज करा कर विधानसभा चुनाव में मुख्य धारा के दलों को घेरने की है।
पार्टी के रणनीतिकारों को लगता है कि पार्टी को यहां जातिगत समीकरण के साथ-साथ मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, मंत्री राखी बिड़ला और पार्टी के थिंक टैंक योगेंद्र यादव का इसी राज्य से होने का भी लाभ मिलेगा।
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