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Gorakhpur News: बारिश में नहीं होगी मुसीबत...जलभराव मुक्त होगा महानगर

Thu, 14 Mar 2024 01:19 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Thu, 14 Mar 2024 01:19 AM IST
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There will be no problem in rain...the metropolis will be free from waterlogging
गोरखपुर। आनेवाले समय में अपना शहर बारिश के समय अक्सर होने वाली जलभराव की समस्या से मुक्त हो जाएगा। इस समस्या से मुक्ति के लिए नगर निगम अर्बन फ्लड रिस्क मैनेजमेंट प्रोग्राम शुरू करने जा रहा है। बीते 10 मार्च को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसके लिए 56.76 करोड़ रुपये की परियोजना का शिलान्यास भी कर दिया है। इसके लिए एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (ईओआई) आमंत्रित किया गया है। गोरखपुर इस प्रोग्राम को शुरू करने वाला प्रदेश का पहला नगर निगम होगा।
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अर्बन फ्लड रिस्क मैनेजमेंट प्रोग्राम के तहत नगर निगम ‘द अर्बन फ्लड अर्ली वार्निंग सिस्टम ’(यूएफईडब्ल्यूएस) एवं ‘अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल’ का गठन करेगा। इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार पर 32 करोड़ रुपये की धनराशि खर्च होगी। इसके अंतर्गत 28 इलेक्ट्रिक पंप, 11 पंप हाउस का जीर्णोद्धार और तीन नए संपवेल बनाए जाएंगे। पर्यावरण संरक्षण और खर्च का ध्यान रखते हुए सभी खरीदे जाने वाले पंप इलेक्ट्रिक होंगे।
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मैनेजमेंट सेल में पांच सदस्य



योजना के अंतर्गत 24.67 करोड़ रुपये से तकनीकी एवं दक्षता सुधार के कार्य होंगे, जिसके अंतर्गत नगर निगम के भवन में फ्लड मिटिगेशन सेंटर का निर्माण होगा। इस सेंटर में अर्बन फ्लड से जुड़े सभी कार्यो को तकनीक के साथ जोड़ कर जलनिकासी एवं बाढ़ निरोधी कार्यो को प्रभावी बनाया जाएगा। पांच साल के लिए पांच विशेषज्ञों का अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल गठित होगा। जलकल महाप्रबंधक इसके समन्वयक होंगे। जलकल महाप्रबंधक राघवेंद्र कुमार ने बताया कि सभी 11 पपिंग स्टेशनों का जीर्णोद्धार किया जाएगा। तीन नए संपवेल मिर्जापुर, इलाहीबाग एवं डोमिनगढ़ में बनाए जाएंगे।
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नालों की सफाई पर निगरानी



फ्लड मैनेजमेंट सिस्टम से शहर के बड़े नालों की निगरानी होगी। इसमें सेंसर लगाए जाएंगे जो पानी के स्तर के बारे में अपडेट देगा। इसकी मदद से उसकी सफाई करने में आसानी होगी। बाढ़ को नियंत्रित करने में निगम सिंचाई विभाग की भी मदद लेगा। नदी के जलस्तर की सटीक जानकारी के लिए भी सेंसर लगाए जाएंगे। इन सब को संचालित करने के लिए एक कंट्रोल रूम बनया जाएगा।







पता चल जाएगा कहां कितनी बारिश



कई बार ऐसा होता है कि शहर के अलग-अलग हिस्सों में बारिश का स्तर अलग होता है। बाढ़ एवं जलभराव का सटीक डाटा और पूर्वानुमान मिले, इसके लिए ‘द अर्बन फ्लड अर्ली वार्निंग सिस्टम’ बनाया जाएगा। इसी के तहत निगम चार वेदर स्टेशन का निर्माण करेगा। बारिश और जलभराव के पूर्वानुमान एवं रीयल टाइम डाटा जुटाने के लिए 100 की संख्या में तालाब, नाला और अन्य हॉट स्पाट पर ‘वॉटर लेवल रिकार्डर’ लगाए जाएंगे। इसके अलावा सभी जरूरी पेड मौसम इंडीकेटर भी अर्ली वार्निंग सिस्टम से जुड़ेंगे।












शहर को बाढ़ की समस्या से निजात दिलाने के लिए अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल का गठन किया जाएगा। इसके लिए एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट मांगा गया है। इसके गठन से बाढ़ को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। ऐसा करने वाला गोरखपुर नगर निगम प्रदेश का पहला नगर निगम होगा।



- गौरव सिंह सोगरवाल, नगर आयुक्त
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