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Gorakhpur News: पंचपदी अधिगम पद्धति से होगा विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास
Mon, 24 Aug 2026 02:43 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Mon, 24 Aug 2026 02:43 AM IST
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गोरखपुर। सरस्वती शिशु मंदिर पक्कीबाग में आयोजित तीन दिवसीय संकुल स्तरीय कार्यशाला का रविवार को समापन हुआ। वक्ताओं ने कहा कि पंचपदी अधिगम पद्धति से विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास होगा।
समापन सत्र में छात्रावास निदेशक डॉ. राजेश श्रीवास्तव ने कहा कि शिक्षक को पूर्ण तैयारी, स्पष्ट उद्देश्य और सटीक पाठ योजना के साथ कक्षा में जाना चाहिए। मुख्य अतिथि ज्योतिर्विद प्रभात त्रिपाठी ने भारतीय दर्शन और शिक्षण परंपरा के संबंध पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंचपदी शिक्षण पद्धति पंचमहाभूत, पांच प्राण और पांच कर्मेंद्रियों से जुड़ी है।
उन्होंने ‘यंत्र, तंत्र और मंत्र’ को सफलता के तीन सूत्र बताया। प्रधानाचार्य डॉ. राजेश सिंह ने अतिथियों का स्वागत किया। मास्टर ट्रेनर संतोष मल्ल ने पद्धति के प्रमुख आयाम बताए। प्रशिक्षण में आचार्यों ने पाठ योजना कक्षा प्रबंधन और विद्यार्थियों को सक्रिय बनाने की विभिन्न विधियों का अभ्यास किया। समापन पर सभी ने प्रशिक्षण को कक्षाओं में लागू करने का संकल्प लिया।
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समापन सत्र में छात्रावास निदेशक डॉ. राजेश श्रीवास्तव ने कहा कि शिक्षक को पूर्ण तैयारी, स्पष्ट उद्देश्य और सटीक पाठ योजना के साथ कक्षा में जाना चाहिए। मुख्य अतिथि ज्योतिर्विद प्रभात त्रिपाठी ने भारतीय दर्शन और शिक्षण परंपरा के संबंध पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंचपदी शिक्षण पद्धति पंचमहाभूत, पांच प्राण और पांच कर्मेंद्रियों से जुड़ी है।
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उन्होंने ‘यंत्र, तंत्र और मंत्र’ को सफलता के तीन सूत्र बताया। प्रधानाचार्य डॉ. राजेश सिंह ने अतिथियों का स्वागत किया। मास्टर ट्रेनर संतोष मल्ल ने पद्धति के प्रमुख आयाम बताए। प्रशिक्षण में आचार्यों ने पाठ योजना कक्षा प्रबंधन और विद्यार्थियों को सक्रिय बनाने की विभिन्न विधियों का अभ्यास किया। समापन पर सभी ने प्रशिक्षण को कक्षाओं में लागू करने का संकल्प लिया।
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