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कुकर्म का आरोपी इंस्पेक्टर निलंबित
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कुकर्म का आरोपी इंस्पेक्टर निलंबित
विभागीय कार्रवाई के लिए एसपी ने एएसपी को सौंपी जांच
फरवरी में अनुशासनहीनता के आरोप में लाइन हाजिर हुआ था आरोपी
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। गोरखपुर में कुकर्म के आरोप में फंसे इंस्पेक्टर विनोद कुमार यादव को एसपी ने रविवार को निलंबित कर दिया। पिछले माह आरोपी अनुशासनहीनता के चलते लाइन हाजिर किया गया था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, नगर में यातायात निरीक्षक रहते वह शाम को सड़कों पर अक्सर में नशे की हालत में मिलते थे। इस दौरान किसी से भी उलझना आम बात रहती थी। उनके गलत कृत्य से खाकी फिर दागदार हुई। जिले भर में आरोपी इंस्पेक्टर के कारनामों की चर्चा हो रही है।
जानकारी के मुताबिक, 25 फरवरी को तत्कालीन यातायात निरीक्षक विनोद कुमार यादव को लाइन हाजिर किया गया था। वह इसी दिन कांग्रेस पार्टी के प्रदर्शन के दौरान नशे में थे। इस दौरान उन्हाेंने अपने एक उच्चाधिकारी से सही बर्ताव नहीं किया। इस पर इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर कर दिया गया था। इसके बाद भी उनमें सुधार नहीं आया। कुछ दिन पहले हुए बदलाव में एसपी ने उनको क्राइम ब्रांच के विवेचना सेल प्रभारी की जिम्मेदारी सौंप दी। हाल में वह गोरखपुर में वीआईपी ड्यूटी पर आए थे। यहां वे कुकर्म के आरोप में पकड़े गए। उनके कृत्य से साथ में काम करने वाले उनके साथी भी शर्मसार हैं। सूत्र बताते हैं आरोपित इंस्पेक्टर मनमाने ढंग से काम करने आदि थे। यातायात निरीक्षक की कमान हटने के बाद से ही वह उल्टी सीधी हरकत ज्यादा करने लगे थे।
एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि कुकर्म के आरोपित क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर विनोद कुमार यादव को निलंबित कर दिया गया है। विभागीय कार्रवाई के लिए जांच एएसपी निवेश कटियार को सौंपी गई है। एसपी ने आरोपी इंस्पेक्टर के फरवरी में लाइन हाजिर होने की भी पुष्टि की है।
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विभागीय कार्रवाई के लिए एसपी ने एएसपी को सौंपी जांच
फरवरी में अनुशासनहीनता के आरोप में लाइन हाजिर हुआ था आरोपी
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। गोरखपुर में कुकर्म के आरोप में फंसे इंस्पेक्टर विनोद कुमार यादव को एसपी ने रविवार को निलंबित कर दिया। पिछले माह आरोपी अनुशासनहीनता के चलते लाइन हाजिर किया गया था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, नगर में यातायात निरीक्षक रहते वह शाम को सड़कों पर अक्सर में नशे की हालत में मिलते थे। इस दौरान किसी से भी उलझना आम बात रहती थी। उनके गलत कृत्य से खाकी फिर दागदार हुई। जिले भर में आरोपी इंस्पेक्टर के कारनामों की चर्चा हो रही है।
जानकारी के मुताबिक, 25 फरवरी को तत्कालीन यातायात निरीक्षक विनोद कुमार यादव को लाइन हाजिर किया गया था। वह इसी दिन कांग्रेस पार्टी के प्रदर्शन के दौरान नशे में थे। इस दौरान उन्हाेंने अपने एक उच्चाधिकारी से सही बर्ताव नहीं किया। इस पर इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर कर दिया गया था। इसके बाद भी उनमें सुधार नहीं आया। कुछ दिन पहले हुए बदलाव में एसपी ने उनको क्राइम ब्रांच के विवेचना सेल प्रभारी की जिम्मेदारी सौंप दी। हाल में वह गोरखपुर में वीआईपी ड्यूटी पर आए थे। यहां वे कुकर्म के आरोप में पकड़े गए। उनके कृत्य से साथ में काम करने वाले उनके साथी भी शर्मसार हैं। सूत्र बताते हैं आरोपित इंस्पेक्टर मनमाने ढंग से काम करने आदि थे। यातायात निरीक्षक की कमान हटने के बाद से ही वह उल्टी सीधी हरकत ज्यादा करने लगे थे।
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एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि कुकर्म के आरोपित क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर विनोद कुमार यादव को निलंबित कर दिया गया है। विभागीय कार्रवाई के लिए जांच एएसपी निवेश कटियार को सौंपी गई है। एसपी ने आरोपी इंस्पेक्टर के फरवरी में लाइन हाजिर होने की भी पुष्टि की है।
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