डीएसडब्लू को ज्ञापन सौंपा: गोरखपुर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर छात्रों का प्रदर्शन, सड़क किया जाम
प्री-पीएचडी छात्रों ने कुलपति को पत्र लिखकर परीक्षा का प्रारूप और पाठ्यक्रम का विवरण उपलब्ध कराने की मांग की है। छात्रों ने कहा कि हमारी पहली मांग थी कि आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर सभी शोधार्थियों को प्रमोट किया जाए।
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दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में सोमवार को पूरे दिन गहमागहमी बनी रही। एक तरफ प्री-पीएचडी छात्रों ने प्रदर्शन किया तो दूसरी ओर छात्रनेताओं ने छात्रसंघ चुनाव, ई-लाइब्रेरी, कैंटीन में खानपान का मूल्य कम करने की मांग को लेकर मुख्य द्वार बंद कर धरना शुरू कर दिया। इस दौरान कुछ देर तक सड़क पर जाम भी लग गया। मौके पर पहुंचे डीएसडब्लू प्रो अजय सिंह को ज्ञापन देकर समस्याओं के जल्द समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
छात्र नेताओं ने पहले कक्षाओं में जाकर छात्रों से समर्थन मांगा। कला संकाय भवन से छात्रों को साथ लेकर छात्रनेता विवि मुख्य द्वार पर पहुंचे। यहां से प्रशासनिक भवन की ओर वीआईपी गेट से गए और वहां बंद ताला खोलवा दिया। कुछ देर तक प्रदर्शन करने के बाद मुख्य द्वार पर आकर धरने पर बैठ गए। कुछ देर बाद अधिष्ठाता छात्र कल्याण (डीएसडब्लू) भी पहुंच गए। उन्होंने छात्रनेताओं को समझाबुझाकर शांत कराया और ज्ञापन लेकर समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया।
धरना-प्रदर्शन करने वालों में सपा छात्रसभा के शिव शंकर गोंड, भाष्कर चौधरी, अनूप यादव, ईश्वर, यशपाल सिंह, एनएसयूआई से योगेश प्रताप सिंह, सतीश चंद्र सिंघम, नितेश मिश्रा, पवन कुमार, गौरव वर्मा, आर्य यादव, प्रशांत कुमार, ऋषि यादव, शुशांत शर्मा, विख्यात भट्ट, दिव्यांश सिंह, कुलदीप तिवारी, ऋषभ दुबे आदि मौजूद रहे।
प्रमुख मांगे
- सीबीसीएस पैटर्न पर रोक लगे।
- छात्रावास के मेस की फीस में कटौती की जाए।
- कैंटीन में मनमाना वसूली पर रोक लगाई जाए।
- छात्रसंघ चुनाव को बहाल किया जाए।
- केंद्रीय ग्रंथालय में ई-लाइब्रेरी की व्यवस्था।
- विश्वविद्यालय में वीआईपी कल्चर बंद हो।
कुलपति को पत्र लिखकर परीक्षा का प्रारूप मांगा
गोरखपुर विश्वविद्यालय के प्री-पीएचडी छात्रों ने कुलपति को पत्र लिखकर परीक्षा का प्रारूप और पाठ्यक्रम का विवरण उपलब्ध कराने की मांग की है। छात्रों ने कहा कि हमारी पहली मांग थी कि आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर सभी शोधार्थियों को प्रमोट किया जाए। लेकिन, यह प्रतीत होता है कि आप इस पर निर्णय लेने में असमर्थ हैं। विश्वविद्यालय प्रश्यासन ने प्री-पीएचडी परीक्षा की तिथि सात व नौ जनवरी घोषित की गई है। इस निर्णय का हम सभी स्वागत करते हैं।
कुलपति से मांग करने वालों में निवर्तमान छात्रसंघ अध्यक्ष अमन यादव, कमलकांत राव, दीप्ति राय, कृतिका सिंह, अंजू, प्रशांत मौर्या, जागृति, विकास सिंह, आनंद मिश्रा, शंभू वर्मा, वीरेंद्र गौंड आदि शामिल रहे।