गोरखपुर में आंधी का कहर: धर्मशाला सहित चार जगहों के दुर्गा पंडाल क्षतिग्रस्त, मूर्ति विखंडित
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गोरखपुर में सोमवार की रात आधी से धर्मशाला सहित चार जगहों के दुर्गा पंडाल क्षतिग्रस्त हो गए। वहीं धर्मशाला की मूर्ति भी विखंडित हो गई। हादसे की वजह से अफरातफरी मच गई। संयोग अच्छा था कि कोई चोटिल नहीं हुआ है।
जानकारी के मुताबिक, क्षेत्रीय पार्षद बबलू लाल गुप्ता की दुकान के सामने ही प्रतिमा की स्थापना की गई है। सोमवार को मूर्ति भी पंडाल में लगा दी गई थी। इसी बीच रात अचानक आई तेज आधी से पंडाल क्षतिग्रस्त हो गया जिससे मूर्ति विखंडित हो गई। पुलिस ने डायवर्जन कर आवागमन को रोका और फिर मदद कर पंडाल को किनारे कराया है। हादसे में तीन लोगों को मामूली रूप से चोट भी आई है।
वहीं, गोरखनाथ, शाहपुर और सिकरीगंज के पास भी पंडाल के क्षतिग्रस्त होने की सूचना आई है। हालांकि, यहां पर मूर्ति पूरी तरह से सुरक्षित है। पार्षद बबलू गुप्ता ने बताया कि आंधी की वजह से पंडाल और मूर्ति क्षतिग्रस्त हुई है। काफी नुकसान हुआ है। संयोग अच्छा है कि किसी को गंभीर चोट नहीं आई है।
शहर के कई इलाकों में गुल हुई बिजली
रात में अचानक बारिश और तेज हवा चलने से शहर के लगभग सभी उपकेंद्रों को बंद करना पड़ गया। शहर के कई इलाकों में तार टूटकर गिर गए तो कई जगह तारों पर बैनर, होर्डिंग व पेड़ की डालियां गिर गईं। इससे बिजली आपूर्ति शुरू करने में बाधा आई। अभियंताओं व बिजलीकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद देर रात आपूर्ति सामान्य की।
कुछ उपकेंद्रों को शुरू करने की कोशिश की गई लेकिन बारिश के कारण सफलता नहीं मिली। बारिश कम होने के बाद अभियंताओं ने कर्मचारियों के साथ पेट्रोलिंग शुरू की। तारों में फंसे बैनर, पेड़ की डाल को हटाकर आपूर्ति शुरू कराई गई। अधीक्षण अभियंता शहर लोकेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि सुरक्षा को देखते हुए उपकेंद्रों को बंद किया गया था। हवा कम होते हुए आपूर्ति बहाल की जाने लगी।