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रामगढ़ताल: पानी में काटकर छोड़े गए कमल के पौधों की सड़न से उठ रही दुर्गंध, एमएमएमयूटी के विशेषज्ञ ने तलाशी वजह
Sun, 19 Dec 2021 01:56 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sun, 19 Dec 2021 01:56 PM IST
सार
मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ ने ताल की दुर्गंध को खत्म करने के लिए उपाय बताए हैं।
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रामगढ़ताल से उठ रही दुर्गंध का कारण तलाशते प्रो. गोविंद व अन्य।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
गोरखपुर के रामगढ़ताल के पानी में काटकर छोड़े गए कमल के पौधे और जलीय वनस्पतियों के सड़ने से दुर्गंध उठ रही है। मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ शिक्षक प्रो गोविंद पांडे ने शनिवार को ताल का निरीक्षण करने के बाद यह निष्कर्ष निकाला है। उन्होंने ताल की दुर्गंध को खत्म करने के लिए उपाय बताए हैं।
प्रोफेसर गोविंद पांडे ने शनिवार को रतनसेन सिंह के साथ पाम पैराडाइज, सहारा इस्टेट, सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट समेत ताल के विभिन्न इलाकों में जाकर निरीक्षण किया। प्रो पांडे ने बताया कि सहारा इस्टेट के पास जो दुर्गंध उठ रही है उसकी वजह कमल के पौधों को काटकर पानी में छोड़ देना है। पौधों के सड़ने से पानी के ऊपर परत जम गई है। हवा चलने पर परत टूटती है और पानी के अंदर से हाइड्रोजन सल्फाइड आदि गैस निकलती है, जिसकी वजह से दुर्गंध उठ रही है।
सुझाव दिया है कि पौधों को हटाकर दूर ले जाकर मिट्टी में दबा दिया जाए। जिस इलाके में दुर्गंध उठ रही है वहां के पानी में ऑक्सीजन के स्तर को बढ़ाने का उपाय किए जाए। दीर्घकालिक उपाय के अंतर्गत कुछ सुझाव दिए गए हैं। सुझाव संबंधी रिपोर्ट जल्द डीएम को दी जाएगी।
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प्रोफेसर गोविंद पांडे ने शनिवार को रतनसेन सिंह के साथ पाम पैराडाइज, सहारा इस्टेट, सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट समेत ताल के विभिन्न इलाकों में जाकर निरीक्षण किया। प्रो पांडे ने बताया कि सहारा इस्टेट के पास जो दुर्गंध उठ रही है उसकी वजह कमल के पौधों को काटकर पानी में छोड़ देना है। पौधों के सड़ने से पानी के ऊपर परत जम गई है। हवा चलने पर परत टूटती है और पानी के अंदर से हाइड्रोजन सल्फाइड आदि गैस निकलती है, जिसकी वजह से दुर्गंध उठ रही है।
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सुझाव दिया है कि पौधों को हटाकर दूर ले जाकर मिट्टी में दबा दिया जाए। जिस इलाके में दुर्गंध उठ रही है वहां के पानी में ऑक्सीजन के स्तर को बढ़ाने का उपाय किए जाए। दीर्घकालिक उपाय के अंतर्गत कुछ सुझाव दिए गए हैं। सुझाव संबंधी रिपोर्ट जल्द डीएम को दी जाएगी।
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