ऑनलाइन शॉपिंग तो ठीक पर लालच में आए तो ठगे जाएंगे, जालसाजी से बचने के लिए करें ये उपाय
- प्रोडक्ट के आते ही जालसाज फोन कर दे रहे लुभावने ऑफर का झांसा
- कार जीतने का सपना दिखाकर रुपये खाते में भेजने की दे रहे जानकारी
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ऑनलाइन शॉपिंग सुविधाजनक तो है पर इसमें लालच देकर ठगी के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। ऑनलाइन शॉपिंग करते ही ग्राहक का ब्योरा जालसाजों तक पहुंच जा रहा है, फिर वे उन्हें लकी ड्रॉ का विजेता बनने का झांसा देकर ठगी कर रहे हैं।
जालसाज ग्राहक के खाते का ब्योरा लेकर या तो रुपये उड़ा दे रहे हैं या फिर अपना खाता नंबर भेजकर उसमें रुपये भेजने को बोल रहे हैं। दोनों ही सूरत में आप जालसाजी के शिकार हो जाएंगे। इसमें ऑनलाइन शॉपिंग और कोरियर कंपनियों के प्रतिनिधियों की मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है।
कोरोना संकट की वजह से ऑनलाइन शॉपिंग का क्रेज बढ़ा है। इसका फायदा जालसाज भी उठा रहे हैं। किसी भी सामान को मंगाने के बाद तुरंत ही फोन घनघनाने लग रहा है और फिर लकी ड्रॉ में विजेता बनने की जानकारी दी जा रही है। चूंकि तुरंत ही सामान ग्राहक के पास पहुंचा होता है तो उन्हें भी लगता है कि कंपनी की ओर से ही फोन कॉल आया होगा। ऐसे में लोग या तो अपने खाते का ब्योरा जालसाजों को दे दे रहे हैं, या फिर उनके खाते में रकम भेज दे रहे हैं।
इस तरह के कई मामले सामने भी आ चुके हैं। अभी गुलरिहा थाने में ऑनलाइन बाइक खरीदने के चक्कर में एक युवक बीस हजार रुपये गंवाने की फरियाद लेकर थाने पहुंचा था।
केस एक
रुस्तमपुर निवासी गायत्री देवी ने बीते 25 सितंबर को ऑनलाइन मोबाइल फोन मंगाया। मोबाइल फोन देने आया कोरियर एजेंट अभी रुपये ले रहा था कि गायत्री देवी के मोबाइल फोन पर कॉल आ गया। फोन करने वाले ने मोबाइल फोन खरीदने का जिक्र करते हुए कंपनी के लकी ड्रा में कार जीतने की बात कही। जब उसने खाते में 4200 रुपये भेजने की बात कही तो शक हो गया। कोरियर वाले से पूछा तो उसने ही समझाया कि फर्जी कॉल होगी। फिर दोबारा फोन आने पर उन्होंने ऑफर का लाभ न लेने की बात कहकर पीछा छुड़ाया।
केस दो
तारामंडल निवासी आशुतोष ने 22 सितंबर को ऑनलाइन सोफा कवर और चादर मंगाया। आठ सौ रुपये का सामान मंगाने के कुछ देर बाद ही उनके पास एक करोड़ रुपये लकी ड्रा में जीतने का ऑफर आ गया। जालसाज ने बताया कि कंपनी जीती गई रकम का चेक उनके घर भेजेगी, लेकिन टैक्स और कुछ अन्य कागजात पूरे करने में पांच हजार रुपये का खर्च आएगा। इस रुपये को खाते में भेजना होगा। या फिर अपने खाते का नंबर देकर रकम भेज दें, फिर पांच हजार रुपये काट लिए जाएंगे। आठ सौ रुपये के सामान मंगाने की एवज में एक करोड़ रुपये की लकी ड्रा जीतने की बात आशुतोष को समझ से परे लगी। फिर उन्होंने फोन काट दिया।
जालसाजी का शिकार होने पर चार घंटे के भीतर दें सूचना
ऑनलाइन जालसाजी के मामलों में पीड़ित को साइबर थाने या फिर नजदीकी थाने में चार घंटे के अंदर पूरे दस्तावेज के साथ शिकायत करना चाहिए। ऐसा करने पर जालसाजी के शिकार हुए शख्स की 80 फीसद रकम ऑनलाइन ही वापस करवाने का प्रयास किया जाता है। यह रकम पीड़ित के खाते में चार से पांच दिन में वापस हो जाती है।
ऐसे वापस होती है रकम
इन दस्तावेजों के साथ करना चाहिए शिकायत
- साबइर सेल प्रभारी के नाम एक प्रार्थना पत्र
- अपडेट बैंक पासबुक की फोटो कॉपी
- पासबुक न होने पर मोबाइल फोन पर खाते से निकली रकम का एसएमएस
यह उपाय कर बच सकते हैं जालसाजी से
- अपने बैंक खाते का ब्योरा किसी के साथ साझा ना करें।
- अपने कंप्यूटर, फोन और टैबलेट को प्रोजेक्ट करने के लिए हमेशा अच्छे एंटी वायरस या एंटी मालवेयर सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करें।
- अलग-अलग ऑनलाइन एकाउंट के लिए एक सा पासवर्ड मत रखिए। ई-मेल, बैंक लॉग इन और सोशल मीडिया एकाउंट के लिए अलग-अलग पासवर्ड का इस्तेमाल करें।
- डेट ऑफ बर्थ, एनिवर्सरी डेट या फोन नंबर को पासवर्ड ना बनाएं।
- बैंक से आने वाले हर संदेश को पढ़ें, ताकि जालसाजी हो तो तुरंत जानकारी हो जाए।
- ऑफर देकर अमीर बनाने का वादा करने वाले लिंक से दूरी बनाकर रखें।
- अंजान फोन आने पर झांसे में कभी भी ना आएं, कोई भी कंपनी करोड़ रुपये का लकी ड्रा नहीं देती।