Coronavirus Update : पनेशिया हॉस्पिटल में बनेगा लेवल-टू और थ्री का अस्पताल, विवादों की वजह से हुआ था सील
विवादों की वजह से सील हुए पनेशिया हॉस्पिटल के खुलने की तो मंजूरी मिल गई, लेकिन इस अस्पताल में सिर्फ कोविड-19 के लेवल टू और थ्री के ही मरीजों का इलाज किया जाएगा। हॉस्पिटल का संचालन आईएमए की टीम करेगी और प्रशासन कस्टोडियन के रूप में रहेगा।
शनिवार को एनेक्सी भवन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रशासनिक अधिकारियों और आईएमए पदाधिकारियों के साथ हुई बैठक में यह फैसला लिया गया है। पहले चरण में 50 बेड एल-टू और 15 बेड एल-थ्री के रूप में बनाए जाएंगे।
जानकारी के मुताबिक, छात्र संघ चौराहे पर स्थित पनेशिया हॉस्पिटल पर कब्जे को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद ने 22 जून को तूल पकड़ लिया था। अस्पताल पर मालिकाना हक को लेकर दावा करने वाले दो पक्ष आमने-सामने आ गए थे। स्थिति मारपीट तक पहुंच गई थी।
आठ हजार और 13 हजार देना होगा प्रतिदिन चार्ज
वहीं, शहर में जब कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ने लगी तो जिला प्रशासन ने पनेशिया हॉस्पिटल को कोविड-19 अस्पताल बनाने पर चर्चा की। यह मुद्दा सीएम योग आदित्यनाथ के समक्ष भी रखा गया। आईएमए सचिव डॉ. राजेश गुप्ता ने बताया कि प्रशासन से शनिवार दोपहर में इसे लेकर चर्चा हुई थी। शाम को सीएम के समक्ष मामला रखा गया था।
आईएमए के सचिव डॉ. राजेश गुप्ता ने बताया कि हॉस्पिटल में इलाज के लिए सामान्य मरीजों को आठ हजार और गंभीर मरीजों को 13 हजार रुपये प्रतिदिन के हिसाब से चार्ज देना होगा। यह शुल्क शासन की ओर से निर्धारित किया गया है। आईएमए के डॉक्टर मरीजों की देखभाल करेंगे। मरीजों की संख्या अगर बढ़ेगी तो और बेड बढ़ा दिए जाएंगे।