यूपी: भाजपा विधायक के भाई को थाना परिसर में पिटवाने के आरोपों से घिरे इंस्पेक्टर लाइनहाजिर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोरखपुर में पिपराइच से भाजपा विधायक महेंद्र पाल सिंह के भाई रमाशंकर को थाने ले जाकर पिटवाने के आरोपों से घिरे शाहपुर थाने के प्रभारी निरीक्षक सुधीर सिंह को गुरुवार को लाइन हाजिर कर दिया गया है। पुलिस लाइंस में तैनात संतोष कुमार सिंह को शाहपुर का नया थानेदार बनाया गया है।
सूचना है कि सुधीर सिंह का तबादला देवीपाटन कर दिया गया है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। इस मामले में दो दरोगा व एक कांस्टेबल के खिलाफ पहले ही कार्रवाई हो चुकी है।
जानकारी के मुताबिक, सात दिसंबर को भाजपा विधायक के भाई रमाशंकर सिंह अपने मित्र के साथ कहीं जा रहे थे। इसी दौरान उनकी कार में पीछे से एक स्कूटी सवार ने टक्कर मार दी थी। बाद में एक युवती आई और उसके बुलाने पर शाहपुर पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। इस मामले में आरोप था कि विधायक के भाई के साथ थाना परिसर में मारपीट की गई थी और इंस्पेक्टर मौजूद थे।
इसे गंभीरता से लेते हुए ही एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने आरोपी दरोगा को निलंबित कर दिया था। साथ ही एक दरोगा व एक कांस्टेबल को लाइनहाजिर कर दिया था। एसएसपी ने ही पूरे मामले की जांच एसपी सिटी सोनम कुमार को सौंपी थी।
जांच पूरी हुई या नहीं, इसकी जानकारी नहीं मिल पाई है लेकिन गुरुवार को ही जनहित का हवाला देकर शाहपुर के थाना प्रभारी सुधीर सिंह को लाइनहाजिर कर दिया गया। इस मामले को विधायक के भाई की थाना परिसर में पिटाई से जोड़कर देखा जा रहा है। इस सिलसिले में सुधीर सिंह का पक्ष नहीं मिल सका है। जैसे ही पक्ष आएगा उसे प्रकाशित किया जाएगा।
एडीजी ने लिया था पूरे मामले का संज्ञान
चर्चा है कि एडीजी दावा शेरपा के आदेश पर सुधीर सिंह के खिलाफ कार्रवाई की गई है। विधायक के भाई से मारपीट की घटना का संज्ञान एडीजी ने ही लिया था। साथ ही एसएसपी को कार्रवाई का आदेश दिया था। अब सुधीर को लाइनहाजिर कर दिया है। खबर है कि एडीजी ने सुधीर का तबादला देवीपाटन कर दिया है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
मुख्यमंत्री तक पहुंचा था मामला
शाहपुर थाना परिसर में भाजपा विधायक के भाई के साथ मारपीट का मामला मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास भी पहुंचा था। विधायक महेंद्र पाल सिंह ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी थी। इससे पहले विधायक व भाजपा नेता एसएसपी जोगेंद्र कुमार से भी मिले थे।
एसएसपी ने तत्काल पुलिस क्षेत्राधिकारी गोरखनाथ से प्रारंभिक जांच कराई थी। इसी आधार पर दो दरोगा व एक कांस्टेबल के खिलाफ पहले कार्रवाई हुई थी। अब थाना प्रभारी को लाइनहाजिर किया गया ही।