फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Illegal lines and pillars drawn 14 years ago when Energy Minister sent photo case registered

UP News: ऊर्जा मंत्री ने फोटो भेजी तो दिखी 14 वर्ष पहले खिंची अवैध लाइन व खंभे, मुकदमा दर्ज

Thu, 25 Aug 2022 10:27 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Thu, 25 Aug 2022 10:27 AM IST
सार

आर्व सिटी प्लॉटिंग के प्रोपराइटर दीपक पाठक ने बताया कि डेढ़ वर्ष पहले हमने वहां प्लॉटिंग का काम करना शुरू किया। बिजली के खंभे पर कंपनी का नाम लिखने से बिजली चोरी का आरोपी बना दिया गया। जबकि, मैंने पूरी बात संबंधित सभी जिम्मेदारों को बताई थी। अगर पोल पर नाम लिखना अपराध है तो निगम बताए इसके पहले कितने खंभों पर नाम लिखने या किसी प्रचार-प्रसार वाले पर मुकदमा दर्ज करवाया है।

विज्ञापन
Illegal lines and pillars drawn 14 years ago when Energy Minister sent photo case registered
ऊर्जा मंत्री द्वारा मुख्य अभियंता को भेजा गया फोटो। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने फोटो खींचकर भेजी तो निगम के अभियंताओं का ध्यान 14 वर्ष पहले नौ बिजली के खंभों पर खींची गई तीन फेज की लाइन की ओर गया। इसकी जांच करने जब संबंधित अभियंता मौके पर पहुंचे तो पता चला कि भैसहां स्थित आर्व सिटी प्लॉटिंग के प्रोपारइटर ने अपने प्लॉटिंग में इन खंभों के साथ तीन फेज की लाइन खिंचवाई थी। मामले की पड़ताल की तो अवैध लाइन भी खिंची मिली।

विज्ञापन


इसके बाद हरकत में आए मोतीराम अड्डा क्षेत्र के अवर अभियंता रविंद्र कुमार की तहरीर पर बिजली थाना प्रभारी ने सोमवार की रात में आर्व सिटी प्लॉटिंग के प्रोपराइटर दीपक पाठक निवासी कृष्णानगर कालोनी, गोरखपुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
विज्ञापन


तीन दिन पहले कुशीनगर से लखनऊ जाते वक्त ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने मोतीराम अड्डा क्षेत्र के गोरखपुर-कुशीनगर फोरलेन किनारे बिजली के पोल और लाइन के नीचे खिंचे होने की फोटो खींचकर मुख्य अभियंता को भेजी थी। इसके बाद जांच में मामला खुलने के बाद मुकदमा दर्ज कराया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


तहरीर के मुताबिक, टीम के साथ अवर अभियंता रविंद्र कुमार आर्व सिटी प्लॉटिंग कार्यालय के पास पहुंचे तो  देखा कि वहां 9 सीमेंटेंड बिजली के खंभे और एलटी लाइन का निर्माण किया गया था। सभी पोल पर यूपीपीसीएल के साथ आर्व सिटी और उसका टोल फ्री नंबर लिखा था। खींची गई लाइन का एक सिरा भैसहा बाजार के पास तो दूसरा आर्व सिटी के पास था, जिसे देखकर प्रतीत हो रहा कि इस लाइन को आर्व सिटी के लिए बनाया गया था।

 

इस काम के लिए अनुमानित लागत डेढ़ लाख रुपये भी आर्व सिटी के प्रोपराइटर द्वारा जमा नहीं करवाई गई थी। ऐसे में उक्त प्रोपराइटर के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज करवाया गया है।

मुख्य अभियंता एके सिंह ने कहा कि ऊर्जा मंत्री ने कुशीनगर से लखनऊ वापस जाते वक्त एक फोटो भेजी थी। इसकी जांच करवाकर इसे व्यवस्थित करवाने का निर्देश अधिशासी अभियंता को दिया। जांच के बाद वहां कुछ और ही कहानी मिली। जिम्मेदारों से जांच कर सही कार्रवाई करने और आगे से ऐसी लापरवाही न हो, इसे सुनिश्चित करवाने का निर्देश दिया है।

बिजली थाना प्रभारी संजय सिंह ने कहा कि मोतीराम अड्डा क्षेत्र के अवर अभियंता की तहरीर पर आर्व सिटी प्लॉटिंग के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज किया गया है। मौके पर जाने पर पता लगा कि 14 वर्ष पहले वह लाइन खींची गई थी। पूरे मामले में जांच के बाद दोषी, जिम्मेदारों की लापरवाही या अन्य बातें प्रकाश में आएंगी।

डेढ़ वर्ष पहले शुरू की प्लॉटिंग तो मेरी क्या गलती?
आर्व सिटी प्लॉटिंग के प्रोपराइटर दीपक पाठक ने बताया कि डेढ़ वर्ष पहले हमने वहां प्लॉटिंग का काम करना शुरू किया। बिजली के खंभे पर कंपनी का नाम लिखने से बिजली चोरी का आरोपी बना दिया गया। जबकि, मैंने पूरी बात संबंधित सभी जिम्मेदारों को बताई थी। अगर पोल पर नाम लिखना अपराध है तो निगम बताए इसके पहले कितने खंभों पर नाम लिखने या किसी प्रचार-प्रसार वाले पर मुकदमा दर्ज करवाया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed