खुशखबर: बीआरडी में हृदय के वाल्व, दिल के छेद का ऑपरेशन नए साल से
डॉ कुणाल सिंह ने बताया कि हृदय मरीजों का बेहद कम खर्च में इलाज किया जाएगा। दिल के छेद की लागत एक लाख 10 हजार से एक लाख 30 हजार के आसपास होगी। जबकि, वाल्व की कीमत कंपनी के हिसाब से अलग-अलग होगी।
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पूर्वांचल के मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज में हृदय के वाल्व और दिल के छेद से पीड़ित मरीजों का ऑपरेशन नए साल से शुरू होगा। ऐसे मरीजों की सूची डॉक्टरों ने तैयार की है। पहले चरण में दोनों बीमारियों से पीड़ित 10-10 मरीजों के ऑपरेशन का फैसला लिया गया है। यह ऑपरेशन सुपर स्पेशियलिटी विभाग के डॉक्टर करेंगे।
जानकारी के मुताबिक, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में करीब एक साल पूर्व सुपर स्पेशियलिटी सेवा की शुरुआत की गई थी। सुपर स्पेशियलिटी में हृदय रोग, यूरोलॉजी, न्यूरोलॉजी की ओपीडी शुरू की गई। इसके बाद से ओपीडी में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती गई है। इन सबके बीच हृदय रोग विभाग ने पहले चरण में मरीजों के एंजियोग्रॉफी शुरू कराई। इसके बाद एंजियोप्लास्टी की शुरुआत की गई।
अब तक 350 से अधिक मरीजों का एंजियोप्लास्टी के साथ 90 से अधिक मरीजों को पेस मेकर लगाया जा चुका है। इन सबके बीच विभाग ने अब हृदय के वाल्व और दिल के छेद से पीड़ित मरीजों के इलाज का फैसला लिया है इसके लिए मरीजों को निजी अस्पतालों से काफी कम रुपये खर्च करने होंगे। बीआरडी मेडिकल कॉलेज के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ कुणाल सिंह ने बताया कि दिल के छेद के 10 मरीजों की सूची तैयार की गई है। इनकी उम्र 16 से 40 वर्ष है। इसी तरह हृदय के वाल्व बदलने वाले मरीजों की उम्र 30 से 50 वर्ष है। नए साल से इन मरीजों का ऑपरेशन शुरू किया जाएगा।
रियायत दर पर होंगे ऑपरेशन
डॉ कुणाल सिंह ने बताया कि हृदय मरीजों का बेहद कम खर्च में इलाज किया जाएगा। दिल के छेद की लागत एक लाख 10 हजार से एक लाख 30 हजार के आसपास होगी। जबकि, वाल्व की कीमत कंपनी के हिसाब से अलग-अलग होगी। इसके लिए मरीजों को कम से कम 50 हजार और अधिकतम एक लाख तक खर्च करने होंगे। जबकि, निजी अस्पतालों में दिल के छेद के ऑपरेशन की कीमत दो से ढाई लाख रुपये है। इसके अलावा वाल्व लगाने की कीमत दो से ढाई लाख रुपये हैं।
सुपर स्पेशियलिटी में चलती है पांच विभागों की ओपीडी
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ गणेश कुमार ने बताया कि सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक पूरी तरह से वित्त पोषित है। यहां इलाज पूरी तरह से निशुल्क नहीं है। इस ब्लॉक में कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी, यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी और कैंसर सर्जन की ओपीडी चलती है। इसमें मरीजों को स्टेंट, डायलिसिस, पेसमेकर, ब्लूनिंग, रीनल सर्जरी और न्यूरो सर्जरी के ऑपरेशन शुरू हो गए हैं।
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ गणेश कुमार ने कहा कि बीआरडी में सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में एंजियोग्रॉफी से लेकर पेस मेकर लगाने का काम शुरू हो चुका है। नए साल से दिल के छेद और हृदय के वाल्व भी लगाए जाएंगे। इसकी तैयारी भी शुरू हो गई है। इसके अलावा यूरोलॉजी और न्यूरो सर्जरी भी शुरू कर दी गई है। इससे मरीजों को भटकने की जरूरत नहीं होगी।