बहादुर संध्या: खुद नाव चलाकर स्कूल जाती है ये छात्रा, वीडियो देख राहुल गांधी बोले- आपके जज्बे को सलाम
गोरखपुर की छात्रा संध्या बाढ़ में नाव चलाकर स्कूल जाती हैं। इनका वीडियो वायरल होने के बाद राहुल गांधी ने इनकी साहस की सराहना की है और कई राजनीतिक पार्टियों ने सम्मान किया है।
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ये बच्ची मुश्किल परिस्थिति, ठप प्रशासन व अनिश्चित भविष्य होने पर भी हिम्मत नहीं हारी।
संध्या का साहस बहुत कुछ सिखाता है। #शिक्षक_दिवस #TeachersDay pic.twitter.com/uuZ5ubcdfHविज्ञापन— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) September 5, 2021
दरअसल बाढ़ से जूझ रहे पूरे इलाके में संध्या निषाद के स्कूल जाने का संकल्प उन्हें अलग पहचान दे रहा है, क्योंकि वह खुद नाव चला कर स्कूल जाती हैं। इसका वीडियो बीते दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। संध्या रोज नदी में 250 मीटर तक अकेले नाव चलाती हैं। संध्या बताती हैं कि छह साल पहले नाव चलाना सीखा था। इस बाढ़ में सीखना सार्थक हो रहा है। लंबे समय बाद स्कूल में पढ़ाई शुरू हुई है। पढ़ाई कर रेलवे में नौकरी हासिल करना ही हमारा लक्ष्य है।
बता दें कि संध्या एडी राजकीय कन्या इंटर कॉलेज में 11वीं की छात्रा हैं। स्कूल में कक्षाएं शुरू होने की सूचना मिली तो वह बाढ़ से घिरी हुई थीं। स्कूल की शिक्षिका की तरफ से मिले मैसेज के बाद उसने हर हाल में कक्षा में पढ़ाई करने का निर्णय लिया।
बहरामपुर दक्षिणी में रहने वाली संध्या के पिता दिलीप निषाद पेशे से बढ़ई का काम करते हैं। घर में पहली मंजिल तक बाढ़ का पानी है। परिवार छत पर निवास कर रहा है। छत पर ही खाना पकता है। पिता दिलीप साहनी बताते हैं कि उनके तीन बेटे और एकलौती बेटी है। पढ़ने में काफी तेज है। उसका कहना है कि हर हाल में सरकारी नौकरी करेगी। हम उसके जोश और जज्बे में सिर्फ एक नाव की भूमिका में हैं।
निषाद पार्टी के अध्यक्ष ने संध्या को समाज का रोल मॉडल बताया
संध्या की हौसला आफजाई के लिए सोमवार को निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय निषाद उसके घर पहुंचे। उन्होंने उसे सम्मानित किया और निषाद बिरादरी का रोल मॉडल बताया। डॉ. संजय निषाद ने संध्या के हौसले की तारीफ की और पढ़ाई में हर तरह की मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि समाज की दूसरी बेटियों को संख्या से सीख लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जल्दी ही सरकार से हर जिले में निषादों के लिए विद्यालय खुलवाने की मांग करेंगे। वहीं, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के ट्वीट पर कहा कि उन्हें ऐसे मामलों में राजनीति नहीं करनी चाहिए।
गांव बहरामपुर के रहने वाले दिलीप सहानी बढ़ई का काम करते हैं। उनकी बड़ी बेटी संध्या सहानी राजकीय एडी कन्या विद्यालय में ग्यारहवीं कक्षा में पढ़ती है। विज्ञान विषय की छात्रा संध्या का घर बाढ़ के पानी से घिर गया है। इस कारण उसकी पढ़ाई में बाधा उत्पन्न हो गई है, लेकिन उसने इस चुनौती को स्वीकार किया और घर से खुद नाव खेकर गांव से बाहर आती है इसके बाद स्कूल जाती है। संध्या के पिता दिलीप का कहना है कि बेटी पढ़-लिखकर अफसर बनना चाहती है। इसके लिए वह दिन-रात पढ़ाई करती है। बेटी का जज्बा देखकर सारा कष्ट कम लगता है।