{"_id":"5ff16aa7f387944f30146fb2","slug":"gorakhpur-university-will-provide-employment-to-students-under-arn-and-learn-scheme","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"गोरखपुर विश्वविद्यालय में पढ़ाई के साथ कमाई भी करेंगे छात्र, जानिए कैसे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गोरखपुर विश्वविद्यालय में पढ़ाई के साथ कमाई भी करेंगे छात्र, जानिए कैसे
Sun, 03 Jan 2021 12:26 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sun, 03 Jan 2021 12:26 PM IST
विज्ञापन
कार्यक्रम में शामिल लोग।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में छात्र पढ़ाई के साथ-साथ कमाई भी कर सकेंगे। इसके लिए विश्वविद्यालय अर्न एंड लर्न स्कीम लागू करने जा रहा है। इस स्कीम के तहत छात्रों को पढ़ाई के साथ दो से तीन घंटे तक टास्क के तौर पर रोजगार दिया जाएगा।
कुलपति प्रो. राजेश सिंह ने नए वर्ष के उपलक्ष्य में शिक्षकों व कर्मचारियों से संवाद के दौरान कहा कि नए साल में विश्वविद्यालय के 500 छात्रों को अर्न एंड लर्न स्कीम के तहत छात्रवृत्ति दी जाएगी। इन छात्रों को पढ़ाई के साथ दो से तीन घंटे तक काम दिया जाएगा। इससे छात्रों को रोजगार के साथ-साथ सीखने का मौका मिलेगा। योजना में छात्रों से लाइब्रेरी, लैब, नॉन प्रॉफिट वेस्ट मैनेजमेंट कंपनी समेत विभिन्न विभागों में काम लिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय को देश के 50 श्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में शुमार करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही नैक से ए-प्लस एक्रीडेशन दिलाने का प्रयास किया जाएगा। विश्वविद्यालय में रोजगारपरक पाठ्यक्रम, फेलोशिप, रिसर्च, छात्रों के साथ बेहतर को-कैरिकुलर एक्टिविटीज और खेल के संसाधनों को विकसित करने की दिशा में काम भी शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन
कार्यक्रम का संचालन अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. अजय सिंह ने किया। इस अवसर पर अधिष्ठाता कला संकाय प्रो. नंदिता सिंह, अधिष्ठाता शिक्षाशास्त्र प्रो. एन.पी. भोक्ता, अधिष्ठाता विधि संकाय प्रो. चंद्रशेखर, अधिष्ठाता विज्ञान प्रो. शांतनु रस्तोगी ने भी बैठक को संबोधित किया। बैठक में समस्त संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, अधिकारीगण एवं शिक्षकों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही।
विज्ञापन
कुलपति प्रो. राजेश सिंह ने नए वर्ष के उपलक्ष्य में शिक्षकों व कर्मचारियों से संवाद के दौरान कहा कि नए साल में विश्वविद्यालय के 500 छात्रों को अर्न एंड लर्न स्कीम के तहत छात्रवृत्ति दी जाएगी। इन छात्रों को पढ़ाई के साथ दो से तीन घंटे तक काम दिया जाएगा। इससे छात्रों को रोजगार के साथ-साथ सीखने का मौका मिलेगा। योजना में छात्रों से लाइब्रेरी, लैब, नॉन प्रॉफिट वेस्ट मैनेजमेंट कंपनी समेत विभिन्न विभागों में काम लिया जाएगा।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय को देश के 50 श्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में शुमार करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही नैक से ए-प्लस एक्रीडेशन दिलाने का प्रयास किया जाएगा। विश्वविद्यालय में रोजगारपरक पाठ्यक्रम, फेलोशिप, रिसर्च, छात्रों के साथ बेहतर को-कैरिकुलर एक्टिविटीज और खेल के संसाधनों को विकसित करने की दिशा में काम भी शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन
कार्यक्रम का संचालन अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. अजय सिंह ने किया। इस अवसर पर अधिष्ठाता कला संकाय प्रो. नंदिता सिंह, अधिष्ठाता शिक्षाशास्त्र प्रो. एन.पी. भोक्ता, अधिष्ठाता विधि संकाय प्रो. चंद्रशेखर, अधिष्ठाता विज्ञान प्रो. शांतनु रस्तोगी ने भी बैठक को संबोधित किया। बैठक में समस्त संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, अधिकारीगण एवं शिक्षकों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही।
सभी विभागों में होगा जनवरी के अंत तक इंटरनेट
कुलपति ने कहा कि सभी विभागों को इंटरनेट से जोड़ने की तैयारी चल रही है। जनवरी के आखिरी सप्ताह तक सभी विभागों को इंटरनेट से जोड़ने के साथ ही सभी शिक्षकों को इंटरनेट सहित लैपटॉप या डेस्कटॉप मुहैया कराया जाएगा। दिसंबर में पूर्वांचल के विकास पर आधारित मेगा सेमिनार में दीक्षाभवन, संवाद भवन, बॉयोटेक्नोलॉजी, केमिस्ट्री, प्राणीविज्ञान समेत 13 विभागों को इंटरनेट से लैस किया गया है।
नए वर्ष में विश्वविद्यालय का हर शिक्षक अपनी तरफ से अच्छे अच्छे प्रोजेक्ट या रिसर्च लेकर आए। जिसके रिसर्च अच्छें होंगे उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा। इसके अलावा विश्वविद्यालय में पठन पाठन की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए गैर शैक्षणिक कर्मचारियों से चार जनवरी को संवाद भी किया जाएगा। चुनिंदा परास्नातक विद्यार्थियों और पीएचडी शोधकर्ताओं के साथ पांच जनवरी को संवाद होगा।
नए वर्ष में विश्वविद्यालय का हर शिक्षक अपनी तरफ से अच्छे अच्छे प्रोजेक्ट या रिसर्च लेकर आए। जिसके रिसर्च अच्छें होंगे उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा। इसके अलावा विश्वविद्यालय में पठन पाठन की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए गैर शैक्षणिक कर्मचारियों से चार जनवरी को संवाद भी किया जाएगा। चुनिंदा परास्नातक विद्यार्थियों और पीएचडी शोधकर्ताओं के साथ पांच जनवरी को संवाद होगा।