हिस्ट्रीशीटर सूरज ने किया सरेंडर: डीआईजी बंगला के पास फायरिंग कर फैलाई थी सनसनी, पुलिस को थी तलाश
सूरज सिंह ने अपने साथियों के साथ डीआईजी बंगला के पास 30 जुलाई को जेएस अस्पताल पर फायरिंग की थी। फायरिंग के बाद हरकत में आई पुलिस ने विनय यादव व विशाल सिंह को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया था, जबकि सूरज सिंह साथी राहुल के साथ फरार हो गया था।
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डीआईजी बंगला के पास फायरिंग करने का मुख्य आरोपी व हिस्ट्रीशीटर सूरज सिंह ने साथी राहुल शर्मा के साथ शनिवार को कोर्ट में समर्पण कर दिया। उधर, हिस्ट्रीशीटर पर डीआईजी ने 50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था। इस बीच उसके कोर्ट में समर्पण से पुलिस की सख्ती की पोल खुल गई। दोनों बदमाश 2018 में कमिश्नर आवास के पास हुई फायरिंग के मामले में जारी वारंट में हाजिर हुए हैं। अब पुलिस उन्हें रिमांड पर लेकर पूछताछ की तैयारी में है।
जानकारी के मुताबिक, बेलघाट के सोपाई घाट निवासी सूरज सिंह ने अपने साथी सिकरीगंज के गाईबेला निवासी राहुल शर्मा, विशाल सिंह, विनय यादव के साथ डीआईजी बंगला के पास 30 जुलाई को जेएस अस्पताल पर फायरिंग की थी। फायरिंग के बाद हरकत में आई पुलिस ने विनय यादव व विशाल सिंह को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया था, जबकि सूरज सिंह साथी राहुल के साथ फरार हो गया था।
सूरज ने बस्ती टोल प्लाजा का बैरियर तोड़ते हुए पुलिसकर्मियों को वाहन से कुचलने की कोशिश भी की थी। तभी से पुलिस उसकी तलाश में थी। इसी बीच एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने हिस्ट्रीशीटर पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। नहीं पकड़े जाने पर डीआईजी ने इनाम बढ़ाकर की राशि 50 हजार करने के साथ ही चौकसी बरतने का निर्देश दिया था। दरअसल, सूरज ने साथी संग समर्पण के लिए कोर्ट में पहले ही अर्जी दी थी। इसके बाद एक बार फिर चकमा देकर कोर्ट में हाजिर होने में सूरज सिंह सफल रहा और पुलिस ताकती रह गई।
2018 में भी नहीं पकड़ पाई थी पुलिस
22 अगस्त 2018 में कमिश्नर आवास के पास फायरिंग करने के मामले में भी सूरज सिंह को पुलिस दबोच नहीं पाई थी। तब भी सूरज सिंह कोर्ट में हाजिर हो गया था। एक बार फिर पुलिस की चौकसी को ठेंगा दिखाकर सूरज सिंह कोर्ट में हाजिर हो गया है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि दबाव बढ़ने की वजह से हाजिर हुआ है।
सादे वर्दी में चौकसी का दावा हुआ फेल
पुलिस, अफसरों को यह बता रही थी कि कचहरी के आसपास पुलिस सादे वर्दी में ड्यूटी कर रही है। आने-जाने वाले सभी रास्तों पर पुलिस की नजर है और वह हाजिर नहीं हो पाएगा। उसकी गिरफ्तारी कर ली जाएगी। लेकिन, इन सब दावों के बीच सूरज सिंह कोर्ट में हाजिर होने में सफल रहा। पैरोकार के सूचना देने पर कैंट थाना पुलिस को समर्पण की जानकारी हुई।
हिस्ट्रीशीटर सूरज सिंह व उसके साथी राहुल ने कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया है। उसे रिमांड पर लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी। -कृष्ण कुमार विश्नोई, एसपी सिटी