Gorakhpur News: पुलिस चौकी की दीवार ढहने से बच्ची की मौत, दुकान लगाकर बेचती थी सब्जी
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि दीवार ढहने से बच्ची की मौत हुई है। प्रकरण की जांच एसपी सिटी को सौंपी गई है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पहली कोशिश है कि परिवार को आर्थिक मदद मिले। इसके लिए डीएम से डीएम से बातचीत की गई है। परिवार को हर संभव आर्थिक मदद किया जाएगा।
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गोरखपुर जिले में कोतवाली थाने के बेनीगंज पुलिस चौकी दीवार शुक्रवार शाम भरभरा कर ढह गई, जिसमें दब कर आठ साल की बच्ची की दर्दनाक मौत हो गई। बच्ची रोजाना वहीं पर सब्जी लगाकर बेचा करती थी। घायल बच्ची को लेकर पुलिस जिला अस्पताल पहुंची थी, लेकिन उसके पहले ही मौत हो गई। उधर, मामला संज्ञान में आने के बाद एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने पूरे प्रकरण की जांच एसपी सिटी को सौंप दी है। साथ ही हर संभव सरकारी मदद दिलाने का परिवार को भरोसा दिया है।
जानकारी के मुताबिक, तिवारीपुर थाना क्षेत्र के बहरामपुर निवासी सुनीता निषाद सब्जी बेचकर जीवन यापन करती है। पति अजय कुमार निषाद की चार पहले मौत हो चुकी है। दस साल का बेटा सुदीप निषाद और बेटी अनन्या (8) की जीविका सब्जी बेचकर ही चला रही है। बेटी अनन्या कक्षा दो की छात्रा थी और पढ़ाई के साथ ही शाम में मां का हाथ बंटाने के लिए खुद भी सब्जी बेचने जाती थी।
मां के सब्जी में से थोड़ा लेकर सड़क के दूसरे किनारे चौकी की दीवार के पास बेचती थी। शुक्रवार को भी रोज की तरह ही अनन्या ने सब्जी सड़क पर ही लगाकर बेच रही थी कि अचानक दीवार भरभरा कर ढह गई, जिसकी जद में आकर अनन्या की मौत हो गई। मौत के बाद मां का रो-रोकर बुरा हाल है। आसपास के लोगों ने बताया कि बच्ची काफी तेज थी, इस वजह से अक्सर उसी के दुकान पर जाया करते थे।
मां पर टूटा का दुख का पहाड़, होनहार बच्ची की मौत से बदहवास
बच्ची अनन्या की मौत के बाद मां सुनीता बदहवास हो गई है। चार साल पहले पति की मौत के बाद वह किसी तरह से बच्चों का पालन पोषण कर रही है। उसके काम में बेटा रुचि नहीं लेता है, लेकिन बेटी छोटी होने के बावजूद हिसाब जोड़ने में ठीक थी और हाथ बंटाती थी। यही वजह है कि मां से हटकर वह दुकान लगाकर सब्जी बेचा करती थी। अब बच्ची की मौत के बाद मां पूरी तरह से टूट गई है। मौत की खबर के बाद आए रिश्तेदार ढांढस बंधा रहे थे।
कई दिनों से लटकी थी दीवार, मगर बेखबर थे जिम्मेदार
आसपास के लोगों का कहना है कि कई दिनों से दीवार लटकी हुई थी, लेकिन पुलिस ने भी इस पर कभी ध्यान नहीं दिया। न तो सड़क किनारे सब्जी की दुकान लगाने वाली बच्ची को हटाया गया और न ही उसकी मरम्मत कराई गई। जबकि, अभी 3 जुलाई 2022 को चौकी का जीर्णोधार का काम भी किया गया था और तब तत्कालीन एसएसपी से इसका उद्घाटन भी कराया गया था, लेकिन उसकी दीवार चंद महीने भी नहीं चल पाई और एक बच्ची की जान चली गई।
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि दीवार ढहने से बच्ची की मौत हुई है। प्रकरण की जांच एसपी सिटी को सौंपी गई है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पहली कोशिश है कि परिवार को आर्थिक मदद मिले। इसके लिए डीएम से डीएम से बातचीत की गई है। परिवार को हर संभव आर्थिक मदद किया जाएगा।