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UP Crime: फर्जी दस्तावेज पर विदेश भेजता था यह गिरोह, एक गलती से हो गया पर्दाफाश

Fri, 10 Jun 2022 12:06 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Fri, 10 Jun 2022 12:06 PM IST
सार

एसपी सिटी कृष्ण कुमार विश्नोई ने बताया कि गिरोह के सदस्य गोरखपुर के साथ ही कुशीनगर, महराजगंज, देवरिया, बिहार के गोपालगंज और सिवान के बेरोजगारों को अपना निशाना बनाते थे। पिछले दो महीने से सक्रिय थे।

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Gang sent abroad on fake documents busted in Gorakhpur
गोरखपुर पुलिस की गिरफ्त में चारों आरोपी। - फोटो : ट्विटर- @gorakhpurpolice

विस्तार

गोरखपुर जिले के खोराबार पुलिस ने फर्जी कागजात बनाकर बेरोजगारों को विदेश भेजने के नाम पर रुपये वसूलने वाले गिरोह का बृहस्पतिवार को पर्दाफाश किया। चार आरोपियों को गिरफ्तार कर 88 पासपोर्ट, एक कंपनी का मुहर, नौ मोबाइल फोन, एक कूटरचित आधार कार्ड, दो लैपटॉप और एक कार बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, मास्टर माइंड मुंबई में बैठा एक शख्स है। वहीं से गिरोह चलाता था। पुलिस उसकी भी तलाश कर रही है।

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एसपी सिटी कृष्ण कुमार विश्नोई ने पुलिस लाइंस में प्रेस कांफ्रेंस कर पकड़े गए बदमाशों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरोह के सदस्य गोरखपुर के साथ ही कुशीनगर, महराजगंज, देवरिया, बिहार के गोपालगंज और सिवान के बेरोजगारों को अपना निशाना बनाते थे। पिछले दो महीने से सक्रिय थे। आरोपी एक युवक को विदेश भेजने के लिए 70 हजार रुपये लेते थे। इसमें पासपोर्ट व वीजा देते थे।
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मेडिकल परीक्षण के लिए एक व्यक्ति से 3,500 रुपये लेते थे। अभी तक इन लोगों ने 88 लोगों से मेडिकल के नाम पर एक लाख 40 हजार रुपये वसूले हैं। एसपी ने बताया कि ये लोग मुंबई की एक कंपनी के नाम पर यहां ऑफिस खोले थे। उसी कंपनी के मालिक के कहने पर विदेश भेजने के नाम पर लोगों से वसूली करते हैं। रुपये इकट्ठा होने पर फरार हो जाते हैं।
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फर्जी नाम पर लिया था मकान
इन लोगों ने दो माह पहले फर्जी नाम पर कुसम्ही बाजार में एक मकान किराये पर लिया था। बदमाशों ने अपने दोस्त कमलेश यादव के आधार कार्ड को कंप्यूटर के माध्यम से एडिट करके उसे करमेश यादव बना दिया। वहीं, फर्जी आधार कार्ड दिखाकर करमेश यादव नाम से मकान किराए पर ले लिया। ये लोग रोज गाड़ियां बदल-बदल कर ऑफिस आते थे। जिसके बाद लोगों को शक हुआ और एक पकड़ा गया। अभी तक इन लोगों ने किसी को विदेश नहीं भेजा था। केवल मेडिकल कराने के एवज में रुपये वसूले थे।

इनकी हुई गिरफ्तारी
आरोपियों की पहचान गगहा के राजगढ़ निवासी सोनू यादव, गोला के कुनवारराजा निवासी चंदन यादव, मितानपुर खुर्द, गगहा निवासी कमलेश यादव और गगहा के छपरा निवासी निकेतन त्रिपाठी के रूप में हुई। निकेतन वर्तमान में मालवीय नगर में रहता है।

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