गोरखपुर: अस्पताल से अपने ही बच्चे को चुराकर भागा पिता, वजह जानकर हो जाएंगे हैरान
बच्चा सुरक्षित है, नाना को सौंपा गया, बीते दो अगस्त को गोरखपुर शहर के एक अस्पताल से बच्चा चुराकर भाग गया था पिता।
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गोरखपुर में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां नाराज होकर मायके में रह रही पत्नी को किसी भी तरह से अपने घर वापस लाने में जुटे एक युवक को अपने ही दुधमुंहे बच्चे की चोरी करनी पड़ी। महज तीन दिन के इस शिशु को लेकर पिता अगले तीन दिन तक नदी के किनारे भटकता रहा। परंतु उसकी इस कोशिश ने रिश्ते को और बिगाड़ दिया।
गुरुवार की रात में पुलिस ने आरोपी युवक को नदी के किनारे से बच्चे समेत पकड़ लिया। बच्चे को नाना के सुपुर्द कर दिया गया। हालांकि घरवाले कोई कार्रवाई नहीं चाहते थे लिहाजा पुलिस ने पूछताछ के बाद आरोपी युवक को छोड़ दिया।
फिल्म सरीखी लगने वाली यह कहानी है, यहां झंगहा थाना क्षेत्र के मुंडेरा ठकुराई गांव निवासी भोला यादव की। भोला यादव की शादी करीब डेढ़ वर्ष पूर्व बेलीपार थाना क्षेत्र के मझगावां निवासी भवनाथ यादव की पुत्री संभा यादव से हुई थी। बताया जा रहा है कि शादी के कुछ ही दिन बाद से पति-पत्नी में विवाद रहने लगा। किसी बात से नाराज गर्भवती पत्नी मायके में आकर रहने लगी।
पुलिस ने किया गिरफ्तार
पत्नी संभा यादव को मनाकर घर ले जाने के लिए भोला प्रयास में जुटा था। इसी बीच बीते 30 जुलाई को संभा यादव ने गोरखपुर शहर के एक निजी अस्पताल में बच्चे को जन्म दिया। ऑपरेशन के चलते जच्चा-बच्चा को एक सप्ताह तक अस्पताल में ही रहना था। बच्चा पैदा होने की जानकारी मिलने पर भोला भी अस्पताल पहुंच गया और पत्नी को बच्चे के साथ ससुराल चलने के लिए समझाने लगा। जब वह नहीं मानी तो बीते दो अगस्त को भोला अस्पताल से बच्चे को लेकर फरार हो गया।
बच्चे के नाना भवनाथ यादव ने कैंट पुलिस को इसकी सूचना दी, तो पुलिस मामले की छानबीन में जुटी। गुरुवार की देर रात झंगहा थाना क्षेत्र के बरही पुलिस चौकी प्रभारी रूद्र प्रताप सिंह ने कनईल घाट के पास से बच्चे को उसके पिता के साथ बरामद कर लिया। शुक्रवार को नाना भवनाथ यादव को बुलाकर बच्चा उन्हें सौंप दिया गया।
बरही पुलिस चौकी प्रभारी रूद्र प्रताप सिंह ने बताया कि भोला बच्चे को लेकर उसी दिन से नदी के किनारे छिपता फिर रहा था। पूछताछ में उसने बताया कि उसका उद्देश्य किसी भी प्रकार से पत्नी व बच्चे को अपने साथ घर ले जाना था। चौकी प्रभारी ने बताया कि बच्चा मिल जाने के बाद पीड़ित पक्ष कोई कार्रवाई नहीं चाहता था, लिहाजा आरोपी को बिना किसी कार्रवाई के ही छोड़ दिया गया।