Godzilla X Kong The New Empire Review: गॉडजिला और कॉन्ग के तिलिस्मी चमत्कार, धरती डोल रही है...
मॉन्सटरवर्स के दैत्याकार जीवों का अध्ययन करते रहनी वाली कंपनी मोनार्क के वैज्ञानिक यहां भी है। इस फ्रेंचाइजी के दर्शक ये तो पिछली फिल्मों में जान ही चुके हैं कि खोपड़ी जैसी प्रतिकृति वाली पहाड़ी के द्वीप स्कल आइलैंड का क्या हुआ और क्यों किंग कॉन्ग अब अकेला रहने को मजबूर है? उधर, गॉडजिला की कहानी भी अपने दूसरे पड़ावों से लगातार गुजरती रही है। फिल्म ‘गॉडजिला एक्स कॉन्ग – द न्यू एम्पायर’ की सबसे पहली खासियत ये है कि अगर आपने इस फ्रेंचाइजी की पिछली फिल्में नहीं भी देखी हैं तो ज्यादा कुछ फर्क पड़ने वाला नहीं है। ये मार्वल सिनेमैटिक यूनिवर्स जैसी कोई कोर्सबुक सरीखी कहानी नहीं है जिसमें कोई एक अध्याय छूट जाने पर आगे के अध्याय समझ नहीं आते है। ये फिल्म सिर्फ अपनी सिनेमैटोग्राफी, विजुअल इफेक्ट्स और बड़े परदे रचे गए महासंग्राम के लिए देखी जाने लायक है।
गॉडजिला फ्रैंचाइजी की 38वीं फिल्म ‘गॉडजिला एक्स कॉन्ग – द न्यू एम्पायर’ को हॉलीवुड कंपनी लीजेंडरी पिक्चर्स ने बनाया है। इस कंपनी में चीन का खूब सारा पैसा लगा हुआ है। गॉडजिला सीरीज की 33 फिल्में जापानी कंपनी टोहो ने बनाईं और फिर ये फ्रेंचाइजी इसके हाथ से निकल गई। इस फ्रेंचाइजी के दर्शकों को खोखली धरती के रहस्य पता हैं। कॉन्ग ने इस बार ऐसी ही एक खोह में अपना ठिकाना बनाया है। गॉडजिला ऊपर अपने काम में व्यस्त है। कॉन्ग एक दिन एक पोर्टल खुलने के बाद पाता है कि उसके जैसी पूरी एक प्रजाति एक खुफिया ठिकाने पर पल रही है। मोनार्क के लोग शक करते हैं कि गॉडजिला को किसी आने वाले खतरे का अंदेशा हो रहा है। वह नाभकीय विकिरणों से खुद को मजबूत करता है और नए मिशन पर चल देता है।
अलग अलग इलाकों में अपनी मौजूदा परिस्थितियों में अनुकूलन बनाने में लगे गॉडजिला और कॉन्ग कैसे मिलते हैं, क्यों ये एक दूसरे के साथ आते हैं और आखिर वो क्या खतरा है जिसे भांपने में मोनार्क कंपनी के लोग दिन रात लगे हुए हैं? कहानी इस बार थोड़ी पेचीदा है लेकिन चूंकि फिल्म दो घंटे से भी छोटी है लिहाजा सब कुछ आंखों के सामने इतनी तेजी से होता है कि दर्शकों को ज्यादा कुछ सोचने की जरूरत पड़ती नहीं। गॉडजिला फ्रेंचाइजी शुरू से ही सोचने का नहीं देखने का सिनेमा रहा है और मौजूदा आधुनिकतम तकनीक ने इस फिल्म को कहीं ज्यादा भव्य और कहीं ज्यादा विशाल बना दिया है। फिल्म की तकनीकी टीम ही इसकी असल सितारा है। कमाल की सिनेमैटोग्राफी के साथ फिल्म का धमाल बैकग्राउंड म्यूजिक दर्शकों को अंत तक बांधे रखता है। अगर फिल्म आईमैक्स थ्रीडी में देखने का मौका मिले फिर तो कहना ही क्या।
Godzilla x Kong Movie: गॉडजिला x कॉन्ग ने मचाया तहलका, प्रीव्यू स्क्रीनिंग से ही कर डाली रिकॉर्डतोड़ कमाई