पश्चित बंगाल सरकार ने लिया बड़ा फैसला, अभिनेता राहुल बनर्जी की मौत की जांच करेगी सीआईडी
Actor Rahul Banerjee Death Case: बंगाली अभिनेता राहुल बनर्जी की मौत की जांच अब सीआईडी को सौंपी जाएगी। यह फैसला पश्चिम बंगाल सरकार ने लिया है। इस बात की जानकारी मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने साझा की है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राहुल बनर्जी का परिवार और फिल्म इंडस्ट्री के लोगों अभिनेता की मौत की विस्तृत जांच की मांग लगातार कर रहे थे। अब पश्चिम बंगाल सरकार ने इस मामले की जांच की जिम्मेदारी राज्य की सीआईडी को सौंप दी है। पीटीआई की खबर के अनुसार मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि उन्होंने पूर्वी मेदिनीपुर जिला पुलिस से मामले को सीआईडी को ट्रांसफर करने की प्रक्रिया शुरू करने को कहा है।
सीआईडी को सौंपा जाएगा राहुल बनर्जी का केस
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने रविवार को पूर्वी मेदिनीपुर जिले के दीघा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा, ‘हाल ही में उदयपुर में एक फिल्म स्टार की मौत हुई थी। ओडिशा सरकार ने एसआईडी बनाई और जांच शुरू की। मैंने पूर्वी मेदिनीपुर के एसपी को निर्देश दिया है कि वे डीजीपी के जरिए तुरंत गृह सचिव को प्रस्ताव भेजें, जिससे सीआईडी इस मामले को अपने हाथ में ले सके।’
उन्होंने आगे कहा कि अभिनेता के परिवार ने घटना के संबंध में पहले ही मामला दर्ज करा दिया था, जिसे शुरू में अप्राकृतिक मौत का मामला माना गया था।
कैसे हुई थी राहुल बनर्जी की मौत?
राहुल बनर्जी की मौत 29 मार्च को दीघा में एक बंगाली टेलीविजन सीरियल की शूटिंग के दौरान डूबने से हुई थी। उनकी मौत के बाद परिवार, साथियों और बंगाली फिल्म इंडस्ट्री के लोगों ने विस्तृत जांच की मांग की थी।पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से पता चला कि लंबे समय तक पानी में फंसे रहने के कारण दम घुटने से उनकी मौत हुई थी। पुलिस ने बताया था कि उनके फेफड़ों और भोजन नली में बड़ी मात्रा में समुद्री पानी और रेत चली गई थी, जिससे दम घुट गया।
सीएम ने एक जरूरी घोषणा भी की है
सीएम ने पश्चिम बंगाल के समुद्र तट पर पर्यटकों की सुरक्षा को बेहतर करने के लिए भी एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने दीघा और आस-पास के बीच (beach) डेस्टिनेशन पर तैनात लाइफगार्ड्स की संख्या बढ़ाने की बात कही है।
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘अभी दीघा तटीय इलाके में सिर्फ 63 लाइफगार्ड तैनात हैं। हम नहीं चाहते कि भविष्य में ऐसी दुखद घटना दोबारा हो। सरकार दीघा और अन्य तटीय इलाकों में लाइफगार्ड्स की संख्या बढ़ाने के लिए कदम उठाएगी।