फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Ukraine vs Russuia: Fear among Indian students studying in Russia started returning before the situation worsened

Ukraine vs Russuia: रूस में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों में भी खौफ, हालात बिगड़ने से पहले लौटने लगे

Fri, 04 Mar 2022 06:06 AM IST
अनुराग सक्सेना अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: अनुराग सक्सेना Updated Fri, 04 Mar 2022 06:06 AM IST
सार

आईजीआई एयरपोर्ट पर पहुंची ग्वालियर निवासी मानसी और खुशी ने बताया कि परिजनों से लगातार मौजूदा हालात पर हो रही चर्चा के बाद उन्होंने देश लौटने का फैसला लिया। दुबई के रास्ते पहुंची दोनों छात्राओं ने कहा कि अगर लड़ाई और बढ़ती है तो इससे पहले पढ़ाई को कुछ दिनों के लिए वहां रहकर छोड़ना ही बेहतर लगा।

विज्ञापन
Ukraine vs Russuia: Fear among Indian students studying in Russia started returning before the situation worsened
एक-दूसरे से मिलकर खुश होते परिजन व बच्चे - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

यूक्रेन संकट का असर धीरे-धीरे रूस में मेडिकल की पढ़ाई कर रहे छात्रों पर भी पड़ने लगा है। हालात और बिगड़ने से पहले भारतीय छात्रों ने समय रहते रूस छोड़ने का मन बना लिया है।

विज्ञापन


गुरुवार को आईजीआई एयरपोर्ट पर पहुंची ग्वालियर निवासी मानसी और खुशी ने बताया कि परिजनों से लगातार मौजूदा हालात पर हो रही चर्चा के बाद उन्होंने देश लौटने का फैसला लिया। दुबई के रास्ते पहुंची दोनों छात्राओं ने कहा कि अगर लड़ाई और बढ़ती है तो इससे पहले पढ़ाई को कुछ दिनों के लिए वहां रहकर छोड़ना ही बेहतर लगा। अगर हालात नहीं सुधरे तो मुश्किलें और बढ़ सकती हैं और परिवार के सदस्यों की भी चिंता अपनी बेटियों के महफूज घर लौटने की है।

विज्ञापन

खुशी ने बताया कि वे रूस में मेडिकल की अंतिम वर्ष की छात्रा हैं। अभी रूस में तो छात्रों को किसी तरह के संकट का सामना नहीं करना पड़ रहा है, लेकिन खारकीव और कीव में पढ़ने वाले छात्रों को आखिरी वक्त में सुरक्षा का हवाला देते हुए शहर छोड़ने को कहा गया। परिजनों ने मौजूदा हालात को देखते हुए उन्हें देश लौटने को कहा। ग्वालियर निवासी रूस में मेडिकल की पढ़ाई कर रही छात्रा मानसी ने कहा कि वो नहीं चाहते हैं कि यूक्रेन जैसे हालात होने के बाद उन्हें परेशानियों के दौर से गुजरना पड़े। इसलिए वक्त से पहले भारत के लिए चल पड़ी। अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों में पढ़ने वाले भारतीय छात्र-छात्राएं भी अब लौटने की तैयारी कर चुके हैं।

किसी भी सूरत में लौटना चाहते हैं अपने वतन

यूक्रेन में मेडिकल आखिरी साल की पढ़ाई कर रहे के रोहिणी निवासी कपिल ने बताया कि हालात लगातार बिगड़ रहे हैं। उन्हें खुद के साथ अपने सभी दोस्तों के लौटने की चिंता सता रही है। खासतौर पर खारकीव, कीव और निकटवर्ती शहरों में पढ़ने वाले छात्रों की सिरदर्दी इसलिए बढ़ गई है कि खारकीव को भी खाली करने के लिए कहा गया है। हालात और चिंताजनक हो सकते हैं। ऐसे में बड़े परमाणु हमले के डर से भी यूक्रेन छोड़कर वतन लौट रहे हैं। सीमाओं पर छात्रों की अधिक संख्या होने की वजह से देरी हो रही है। रूस में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी भी इसी खौफ में लौटने लगे हैं।

यूक्रेन में बिछड़े भारत में मिले

झारखंड के हजारीबाग की रहने वाली वसुंधरा यूक्रेन के कीव शहर में कीव नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में पढ़ाई करने पहुंची थी। वसुंधरा बताती हैं कि उनकी फ्लाइट 24 की थी और वह 23 फरवरी को अपने हॉस्टल से एयरपोर्ट के लिए ट्रेन से निकली। आते समय वह यूक्रेन में बनी दोस्त आस्था से बिछड़ गई थी। वह जब दिल्ली पहुंची तो अपनी दोस्त को देखकर चहक उठी और गले लगा लिया। नोएडा निवासी आस्था बताती हैं कि उनकी 23 तारीख की फ्लाइट थी और वह सही सलामत घर पहुंच गईं, लेकिन वसुंधरा वहीं बिछड़ गईं। मुलाकात होने के बाद अब राहत मिली।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed