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रोहिणी शूटआउट: कई महीने पहले ही रची जा चुकी थी गोगी की हत्या की कहानी, पुलिस को है 'नेपाली' की तलाश
Tue, 28 Sep 2021 02:13 AM IST
Vikas Kumar
पुरुषोत्तम वर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली
पुरुषोत्तम वर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Vikas Kumar
Updated Tue, 28 Sep 2021 02:13 AM IST
सार
उमंग से पूछताछ में बताया कि जितेंद्र गोगी की हत्या की साजिश कई महीने पहले रच ली गई थी। इसके लिए उसने रोहिणी कोर्ट का वकील के नाम पर स्टीकर कई महीने पहले जुगाड़ कर लिया था। उमंग ने बताया कि उसने कोर्ट के वकील के नाम पर ही कार का स्टीकर ले लिया था।
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रोहिणी कोर्ट में शूटआउट
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
रोहिणी शूटआउट के हमलावरों को पहना देने वाले व गैंगस्टर टिल्लू ताजपुरिया का गुर्गे उमंग यादव इलाके में आपसी रंजिश के चलते टिल्लू ताजपुरिया की शरण में गया था। उमंग की इलाके में कई लोगों से रंजिश थी। इस कारण वह किसी बड़े गैंगस्टर की शरण में जाना चहाता था। ऐसे में उसे ताजपुर के बदमाश उमेश काला ने उसकी जान-पहचान टिल्लू ताजपुरिया से करवाई थी।
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जांच में ये बात सामने आई है कि उमंग ने कोर्ट के एक वकील के नाम पर जुगाड़ करके कोर्ट का कार का स्टीकर ले लिया था। जितेंद्र गोगी की हत्या की वारदात को अंजाम देने के लिए इस स्टीकर का इंतजाम किया गया था, ताकि स्टीकर से कार रोहिणी कोर्ट के अंदर प्रवेश कर जाए। जितेंद्र की हत्या की साजिश कई महीने से रची जा रही थी।
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कुछ ही समय में वह टिल्लू ताजपुरिया का खास हो गया। वह टिल्लू ताजपुरिया के जेल से बाहर के सारे काम वहीं संभालता था। टिल्लू को जेल में कपड़े-जूते पहुंचाने, किसी से मिलवाने व उसके गिरोह के दूसरे गुर्गों को पैसे देने आदि का काम उमंग करता था। उमंग अपने टिल्लू ताजपुरिया के अलीपुर स्थित घर जाता था। वह टिल्लू के बड़े भाई रविन्द्र से पेसे लेता था। बताया जा रहा है कि उमंग टिल्लू के कहने पर रंगदारी वसूलने भी जाता था। अपराध की दुनिया में जब ये पता लग गया कि उमंग टिल्लू का गुर्गा बन गया है तो टिल्लू को उसकी चिंता सताने लगी थी। टिल्लू के कहने पर उमंग हथियार रखने लगा था। टिल्लू के किसी गुर्गे ने बुराड़ी में उमंग को हथियार दिया था। स्पेशल सेल ने उमंग की निशानदेही पर वह हथियार बरामद कर लिया है।
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उमंग से पूछताछ में बताया कि जितेंद्र गोगी की हत्या की साजिश कई महीने पहले रच ली गई थी। इसके लिए उसने रोहिणी कोर्ट का वकील के नाम पर स्टीकर कई महीने पहले जुगाड़ कर लिया था। उमंग ने बताया कि उसने कोर्ट के वकील के नाम पर ही कार का स्टीकर ले लिया था। उमंग जब हमलावरों को कार में रोहिणी कोर्ट लेकर आया तो उसने आई-10 कार पर स्टीकर लगा दिया था। वारदात के बाद जब उसने कार मालिक जिम ट्रेनर जगदीप को गाड़ी वापस की तो उसने कार से स्टीकर उतार लिया था। स्पेशल सेल ने इस स्टीकर को जब्त कर लिया है।
उमंग को अपराध शाखा को सौंपा गया
रोहिणी शूटआउट मामले की जांच दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा कर रही है। हमलावरों को पनाह देने वाले उमंग व विनय को स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था। स्पेशल सेल ने कोर्ट में पेश कर दोनों को अपराध शाखा को सौंप दिया है। दिल्ली पुलिस शूटआउट के लिए रोहिणी कोर्ट में आए नेपाली युवक की तलाश कर रही है। बताया जा रहा है कि स्पेशल सेल को नेपाली युवक के बारे में सुराग हाथ लगे हैं। बताया जा रहा है कि ये युवक नेपाल का रहने वाला नहीं है। इसकी शक्ल नेपाल के लोगों से मिलती-जुलती है इस कारण उसे नेपाली कहा जाता है।