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दो दिन में सभी स्कूली बच्चों को दाखिला प्रमाणपत्र जारी करने का निर्देश

Fri, 19 Feb 2021 07:32 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Fri, 19 Feb 2021 07:32 PM IST
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high court directs schools to issue admission certificate to all studying students
नई दिल्ली। हाईकोर्ट ने अपने एक महत्वपूर्ण फैसले में दिल्ली सरकार को एक सर्कुलर जारी कर सभी सरकारी स्कूलों व सहायता प्राप्त स्कूलों को अपने यहां पढ़ने वाले छात्रों को दो दिनों में दाखिला प्रमाणपत्र जारी करने का निर्देश दिया है।
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न्यायमूर्ति नजमी वजीरी ने यह आदेश अधिवक्ता अशोक अग्रवाल द्वारा 10वीं की छात्रा इलमा खान के मामले में पेेश उस तर्क पर दिया कि स्कूल ने उसे दाखिला प्रमाणपत्र जारी नहीं किया और ऐसा कोई सबूत नहीं है कि उसे दाखिला मिल चुका है।
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इतना ही नहीं अदालत ने स्कूल प्रधानाचार्य को निर्देश दिया कि छात्रा इलमा खान को स्कूल में अतिरिक्त क्लास की सुविधा प्रदान की जाए। अदालत ने कहा इलमा खान दसवीं कक्षा की सीबीएसई परीक्षा की तैयारी कर रही हैं क्योंकि वह पूरे साल के दौरान शिक्षा से वंचित रही हैं।
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हाईकोर्ट ने आदेश के बावजूद 10 वीं कक्षा की छात्रा को दाखिला न देने पर दिल्ली सरकार के शिक्षा विभाग एवं स्कूल प्रधानाचार्य को कड़ी फटकार लगाई। अदालत ने कहा कि ऐसे प्रधानाचार्य के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जिसके रवैये के कारण छात्रा का माह खराब हो गया और उसे पुन: अदालत में आना पड़ा।
न्यायमूर्ति वजीरी के समक्ष हालांकि छात्रा इलमा खान की ओर से पेश अधिवक्ता अशोक अग्रवाल ने तर्क रखा कि अदालत में अवमानना याचिका दायर होने के बाद छात्रा को स्कूल में बुलाया गया है। उन्होंने कहा कि अदालत ने एक माह पहले दाखिला देने का आदेश दिया था लेकिन उस पर अमल नहीं किया गया।

अदालत ने हाल ही में छात्रा को दाखिला न देने पर कड़ी नाराजगी जताते हुए सरकार व सत्यवती सूद आर्य बालिका उच्च विद्यालय के प्रधानाचार्य को फटकार लगाई थी।
दरअसल छात्रा 10वीं कक्षा में कर्म्पामेंट आने के बाद उसमें पास नहीं हो पाई थी। इसके बाद स्कूल ने उसका नाम हटा दिया था। छात्रा को आदेश के बावजूद दाखिला न देने पर सरकार व स्कूल प्रधानाचार्य के खिलाफ छात्रा ने अवमानना याचिका दायर की थी। इसके बाद स्कूल ने तर्क रखा कि छात्रा को दाखिला दे दिया गया है।
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