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मुंबई के पूर्व आयुक्त ने दिल्ली पुलिस को फिर लिखा खुला पत्र
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नई दिल्ली। मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त जूलियो रिबेरो ने दिल्ली पुलिस को एक बार फिर खुला पत्र (ओपन लेटर) लिखा है। मंगलवार को लिखे अपने दूसरे पत्र में उन्होंने दिल्ली दंगों में भाजपा के उन नेताओं को बोलने के तथाकथित लाइसेंस देने पर सवाल उठाए हैं जिन पर हिंसा से पहले भड़काऊ भाषण देने के आरोप लगे थे। पूर्व आईपीएस रिबेरो ने दिल्ली दंगों की जांच को लेकर दिल्ली पुलिस पर गंभीर सवाल उठाए हैं। पत्र में डीयू के प्रोफेसर अपूर्वानंद और सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मंदार का नाम लिखते हुए कहा गया है कि इस सरकार में गांधीवादियों का कोई सम्मान नहीं रह गया है।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दूसरा पत्र मिलने की पुष्टि की है। दिल्ली पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव को संबोधित करते हुए उन्होंने लिखा है कि मैंने पहले पत्र में आपसे कुछ सवाल पूछे थे जिसका ठीक से जवाब नहीं दिया गया। उन्होंने लिखा है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने वाले भाजपा नेताओं को बोलने देने को जायज नहीं ठहराया जा सकता। अगर ऐसे भाषण देने वाले एक पक्ष के लोग होते तो पुलिस उनपर देशद्रोह का चार्ज लगा देती। उन्होंने दिल्ली पुलिस आयुक्त से दंगों के दर्ज सभी 751 केसों में जल्द चार्जशीट फाइल करने का आग्रह किया है।
पद्म भूषण से सम्मानित और रोमानिया में भारत के राजदूत रह चुके रिबेरो ने अपना पहला पत्र रविवार को लिखा था। इसके जवाब में दिल्ली पुलिस आयुक्त एसएस श्रीवास्तव ने ई-मेल कर कहा था कि दिल्ली पुलिस की जांच तथ्यों और सबूतों पर आधारित है। दिल्ली पुलिस जाति और धर्म देखे बिना निष्पक्ष रूप से जांच कर रही है। दिल्ली पुलिस ने 1571 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें दोनों समुदाय के लोग शामिल हैं।
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दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दूसरा पत्र मिलने की पुष्टि की है। दिल्ली पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव को संबोधित करते हुए उन्होंने लिखा है कि मैंने पहले पत्र में आपसे कुछ सवाल पूछे थे जिसका ठीक से जवाब नहीं दिया गया। उन्होंने लिखा है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने वाले भाजपा नेताओं को बोलने देने को जायज नहीं ठहराया जा सकता। अगर ऐसे भाषण देने वाले एक पक्ष के लोग होते तो पुलिस उनपर देशद्रोह का चार्ज लगा देती। उन्होंने दिल्ली पुलिस आयुक्त से दंगों के दर्ज सभी 751 केसों में जल्द चार्जशीट फाइल करने का आग्रह किया है।
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पद्म भूषण से सम्मानित और रोमानिया में भारत के राजदूत रह चुके रिबेरो ने अपना पहला पत्र रविवार को लिखा था। इसके जवाब में दिल्ली पुलिस आयुक्त एसएस श्रीवास्तव ने ई-मेल कर कहा था कि दिल्ली पुलिस की जांच तथ्यों और सबूतों पर आधारित है। दिल्ली पुलिस जाति और धर्म देखे बिना निष्पक्ष रूप से जांच कर रही है। दिल्ली पुलिस ने 1571 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें दोनों समुदाय के लोग शामिल हैं।
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