फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   farmers protest in pagdi sambhal event shahid bhagat singh family will also come to ghazipur border

किसान आंदोलनः पगड़ी संभाल दिवस में शामिल होंगे शहीद भगत सिंह के परिजन

Tue, 23 Feb 2021 12:03 AM IST
पूजा त्रिपाठी अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: पूजा त्रिपाठी Updated Tue, 23 Feb 2021 12:03 AM IST
विज्ञापन
farmers protest in pagdi sambhal event shahid bhagat singh family will also come to ghazipur border
फाइल फोटो - फोटो : amar ujala

पगड़ी संभाल दिवस के मौके पर किसानों के बीच शहीद भगत सिंह के परिजन भी दिल्ली पहुंचेंगे। सिंघु बॉर्डर पर बने मंच को खास तौर पर इसके लिए तैयार किया गया है। मंच पर पगड़ी संभाल जट्टा, आंदोलन के संस्थापक और भगत सिंह के चाचा और शहीद भगत सिंह को भी श्रद्धांजलि दी जाएगी।

विज्ञापन


मंगलवार को मौजूद किसान अपने अपने क्षेत्र की पगड़ियां बांधकर, अपना समर्थन देंगे। शहीद भगत सिंह के भतीजे अभय सिंह संधू, भांजी सहित उनके परिवार के अन्य सदस्य भी कार्यक्रम में शामिल होंगे।
विज्ञापन

पगड़ी संभाल दिवस पर श्रद्धांजलि सभा के साथ साथ किसान आंदोलन में जान गंवाने वाले किसानों को भी याद किया जाएगा।

किसानों के संघर्ष का अपमान, गहरा असंतोष: मोर्चा 
संयुक्त किसान मोर्चा ने कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर की ओर से दिए बयान को किसानों के संघर्ष का अपमान बताया। भीड़ इकट्ठा कर कानून वापस नहीं लिए जाते। मोर्चा ने सरकार को बताया कि इस बयान से लोगों के मन में सरकार के प्रति गहरा असंतोष है।
विज्ञापन
विज्ञापन


संयुक्त किसान मोर्चा के डॉ. दर्शन पाल ने कहा कि प्रदर्शनकारी भीड़ नहीं अन्नदाता हैं। उनकी मेहनत से लोग भोजन कर रहे हैं। आरोप लगाते हुए कहा कि इसी भीड़ के वोट से आप सरकार चला रहे है, यह जनता का अपमान है और निंदनीय है।

सरकार के लिए यह आंदोलन सरदर्द बना हुआ है, इसलिए समर्थन देने वालों को निशाना बनाकर परेशान किया जा रहा है। दिशा रवि सहित कई सामाजिक कार्यकर्ता निशाने पर हैं। किसान आंदोलन को मजबूत करने के लिए देशभर के किसान लामबंद हो रहे है। कार्यकर्ताओं को इसके बाद दिल्ली जाने के लिए अन्य वैकल्पिक साधन खोजने पड़े।

सयुंक्त किसान मोर्चा उत्तर प्रदेश के कई स्थानों पर खाप नेताओं को किसानों के आंदोलन के साथ एकजुटता दिखाने के लिए बधाई देता है। केंद्रीय मंत्रियों से तब तक मिलने से इंकार करते रहे जब तक कि वे सरकार में अपने पदों से इस्तीफा न दे। कई गांवों से आई रिपोर्ट से संकेत मिले हैं कि संजीव बालियन पश्चिमी उत्तर में खाप नेताओं से नहीं मिल सका।


ऑस्ट्रेलिया में भी मोर्चा के नेताओं ने किया संबोधित
हाल ही में संयुक्त राज्य अमेरिका के 87 कृषि संगठनों ने भी भारत में आन्दोलनरत किसानों को अपना समर्थन दिया। उन्होंने बताया कि किस तरह अमेरिकी सरकार की नीतियों (विशेष रूप से विश्व स्वास्थ्य संगठन) ने भारतीय किसानों की आजीविका को खतरे में ाडाल दिया है। ऑस्ट्रेलिया में भी एक रैली आयोजित की गई जिसमें सयुंक्त किसान मोर्चा के नेताओं ने ऑनलाइन संबोधित किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed