{"_id":"5916a8444f1c1b7a04852f87","slug":"madfish-has-shot-a-woman-on-her-husband-like-shah-rukh-s-movie-fear-story","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सिरफिरे आशिक ने महिला के पति पर चलाई गोली, शाहरुख की फिल्म 'डर' की तरह है कहानी ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सिरफिरे आशिक ने महिला के पति पर चलाई गोली, शाहरुख की फिल्म 'डर' की तरह है कहानी
amarujala.com- Presented by: आनंद
Updated Sat, 13 May 2017 12:41 PM IST
विज्ञापन
कुछ लोग कभी-कभी फिल्मों के किरदार को अपने जीवन में ऐसे उतार लेते हैं कि उसका अंजाम भूल जाते हैं। ऐसे की एक मामला दिल्ली में देखने को मिला है। यहां एक सिरफिरे आशिक ने एक महिला के पति की इस उम्मीद में गोली मारकर हत्या कर दी कि पति की हत्या के बाद महिला उससे प्यार करने लगेगी।
आरोपी विवेक की पुरी कहानी शाहरुख की फिल्म डर से मिलती-जुलती है। अंग्रेजी अकबार टाइम ऑफ इंडिया की खबरों के अनुसार विवेक ने सोनिया ( बदला हुआ नाम ) को चार साल पहले अपने घर के पास देखा था। सोनिया को देखते ही वह उससे प्यार करने लगा। सोनिया पास के एक बिलडर के ऑफिस में काम करती थी। विवेक अपने प्यार का इजहार करना चहता था, लेकिन हिम्मात न होने के कारण वह कभी उसको बता न सका। सोनिया जब रोज शाम को अपने ऑफिस से आती तो विवेक उसको रोज चाय की दुकान पर बैठकर देखा करता था।
कुछ समय बाद विवेक ने सोनिया को रोज सुबह-शाम देखना शुरू कर दिया। सोनिया का पीछा करने के बाद विवेक को किसी न किसी तरह से सोनिया फोन नंबर मिल गया। विवेक, सोनिया को बिना अपनी पहचान कराये 'तुम बहुत खूबसुरत हो' जैसे प्यार भरे मैसेज भेजने लगा। कुछ हफ्ते बाद विवेक ने टीवी पर शाहरुख खान की फिल्म डर देखी। वह सोनिया को हर हफ्ते डर फिल्म की सीडी और फुलों के गुलदस्ते भेजने लगा।
विज्ञापन
ऐसे दो साल तक चलने के बाद विवेक ने जब सोनिया को अपनी पहचान कराई तो सोनिया उससे गुस्सा हो गई और उसको चेतावनी दी कि आगे से वह उसे परेशान ना करे और उने विवेक के नबंर को ब्लॉक कर दिया। मगर विवेक ने सोनिया का पीछा करना फिर भी नहीं छोड़ा।
विवेक के मुताबिक, वह कभी भी सोनिया को परेशान नही करता था, लेकिन 10 दिसंबर 2016 को जब सोनिया की शादी किसी और से हो गई तो वह बिल्कुल पागल हो गया। आंसुओं और शराब में धुत उसने सोनिया को किसी दूसरे के साथ फेरे लेते देखा। कुछ समय बाद उसने एक पिस्टल खरीदी और सही मौके का इंतजार करने लगा। ताकि वह वह सोनिया के पति को मार सके। 4 फरवरी को उसने सोनिया के पति को घर के बाहर टहलते देखा और गोली चला दी लेकिन उसका निशाना सही नहीं लग पाया।
इसके बाद दो महीने और इंतजार करने के बाद उसने फिर से सोनिया के पति पर हमला किया। विवेक ने अपने कबूलनामे में कहा, 'मैं उसे उसके पति के साथ देखकर पागल हो जाता था। मैं उसके पति पर हमला करने का मौका गंवाना नहीं चाहता था। मैं किसी भी सूरत में सोनिया को चोट नहीं पहुंचाना चाहता था इसीलिए मैंने बिल्कुल पास जाकर सोनिया के पति पर गोली चलाई।' पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
आरोपी विवेक की पुरी कहानी शाहरुख की फिल्म डर से मिलती-जुलती है। अंग्रेजी अकबार टाइम ऑफ इंडिया की खबरों के अनुसार विवेक ने सोनिया ( बदला हुआ नाम ) को चार साल पहले अपने घर के पास देखा था। सोनिया को देखते ही वह उससे प्यार करने लगा। सोनिया पास के एक बिलडर के ऑफिस में काम करती थी। विवेक अपने प्यार का इजहार करना चहता था, लेकिन हिम्मात न होने के कारण वह कभी उसको बता न सका। सोनिया जब रोज शाम को अपने ऑफिस से आती तो विवेक उसको रोज चाय की दुकान पर बैठकर देखा करता था।
विज्ञापन
कुछ समय बाद विवेक ने सोनिया को रोज सुबह-शाम देखना शुरू कर दिया। सोनिया का पीछा करने के बाद विवेक को किसी न किसी तरह से सोनिया फोन नंबर मिल गया। विवेक, सोनिया को बिना अपनी पहचान कराये 'तुम बहुत खूबसुरत हो' जैसे प्यार भरे मैसेज भेजने लगा। कुछ हफ्ते बाद विवेक ने टीवी पर शाहरुख खान की फिल्म डर देखी। वह सोनिया को हर हफ्ते डर फिल्म की सीडी और फुलों के गुलदस्ते भेजने लगा।
विज्ञापन
ऐसे दो साल तक चलने के बाद विवेक ने जब सोनिया को अपनी पहचान कराई तो सोनिया उससे गुस्सा हो गई और उसको चेतावनी दी कि आगे से वह उसे परेशान ना करे और उने विवेक के नबंर को ब्लॉक कर दिया। मगर विवेक ने सोनिया का पीछा करना फिर भी नहीं छोड़ा।
विवेक के मुताबिक, वह कभी भी सोनिया को परेशान नही करता था, लेकिन 10 दिसंबर 2016 को जब सोनिया की शादी किसी और से हो गई तो वह बिल्कुल पागल हो गया। आंसुओं और शराब में धुत उसने सोनिया को किसी दूसरे के साथ फेरे लेते देखा। कुछ समय बाद उसने एक पिस्टल खरीदी और सही मौके का इंतजार करने लगा। ताकि वह वह सोनिया के पति को मार सके। 4 फरवरी को उसने सोनिया के पति को घर के बाहर टहलते देखा और गोली चला दी लेकिन उसका निशाना सही नहीं लग पाया।
इसके बाद दो महीने और इंतजार करने के बाद उसने फिर से सोनिया के पति पर हमला किया। विवेक ने अपने कबूलनामे में कहा, 'मैं उसे उसके पति के साथ देखकर पागल हो जाता था। मैं उसके पति पर हमला करने का मौका गंवाना नहीं चाहता था। मैं किसी भी सूरत में सोनिया को चोट नहीं पहुंचाना चाहता था इसीलिए मैंने बिल्कुल पास जाकर सोनिया के पति पर गोली चलाई।' पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।