लापरवाही से जू में बचे इकलौते शुतुरमुर्ग की मौत, मामले पर चिड़ियाघर प्रशासन मौन
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दिल्ली चिड़ियाघर में रविवार को इकलौते बचे ऑस्ट्रिच (शुतुरमुर्ग) की मौत हो गई। बताया जा रहा है सुबह से उसकी तबीयत खराब चल रही थी और चिड़ियाघर में स्थित अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था।
सत्रों की मानें तो उसे दोपहर में इंजेक्शन लगाने के बाद उसकी तबीयत और बिगड़ती गई। जिससे दोपहर बाद उसकी मौत हो गई। चिड़ियाघर के क्यूरेटर रियाज खान ने इसकी पुष्टि की है।
सूत्रों की मानें तो अभी तक उसकी मौत की वजह साफ नहीं है। चिड़ियाघर प्रशासन भी फिलहाल इसपर चुप्पी साधे हुए है। हालांकि बताया जा रहा है कि उसे सुबह में कई इंजेक्शन दिया गया था जिसके बाद से उसी हालत बिगड़ी और मौत हो गई।
दस अंडों में से भी नहीं निकला था कोई बच्चा
हालांकि चिड़ियाघर प्रशासन का कहना है कि अभी इसपर कुछ कहना जल्दबाजी होगी। पोस्टमार्टम के बाद ही मौत की वजह का पता चलेगा। जानकारी के मुताबिक दिल्ली चिड़ियाघर के बाड़ा नंबर छह में एक जोड़ा ऑस्ट्रिच था।
जिसमें मेल ऑस्ट्रिच की बीते साल ही मौत हो गई थी। उसके बाद से ही चिड़ियाघर में सिर्फ एक फीमेल ऑस्ट्रिच बचा हुआ था। बताते चलें कि ऑस्ट्रिच दुनिया के विलुप्त हो रहे पक्षियों में से एक है।
यह मूलरूप से अफ्रीका के रेगिस्तान में पाया जाता है। यह उड़ तो नहीं सकता है लेकिन 70 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से दौड़ लगा सकता है। जिस ऑस्ट्रिच की मौत हुई है यह जोड़े में मार्च 2014 में तिरुअनंतपुरम से लाया गया था।
इस जोड़े ने 10 अंडे भी दिए थे लेकिन उसमें एक भी बच्चा नहीं निकल पाया था। तब भी चिड़ियाघर प्रशासन की लापरवाही सामने आई थी।