मुंबई में सैकड़ों का हत्यारा दिल्ली में गिरफ्तार
मुंबई में जहरीली शराब पिलाकर 100 से भी अधिक लोगों को मौत के घाट उतारने वाले अतीक को दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। उसके कारण अब भी करीब 40 लोग अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे हैं।
अतीक उर्फ मंसूर को पिता से विरासत में अवैध शराब का धंधा मिला। उसके पिता लतीफ शेख ने काफी समय तक निसार शेख नामक शख्स के साथ मिलकर शराब का धंधा किया। यह लोग अहमदाबाद से चोरी-छिपे शराब लाकर मुंबई की झोपड़पट्टी में सप्लाई करते थे।
2011 में पिता की मौत के बाद धंधे की बागडोर खुद अतीक ने संभाल ली। इसके बाद वह लगातार इस धंधे से जुड़ा रहा। शुरूआत में उसने अपने पिता के पार्टनर निसार के साथ मिलकर धंधा किया।
बाद में उसने अपना काम अलग कर लिया। फिलहाल, वह फ्रांसिस और जैंटल उर्फ सलीम नामक शख्स के साथ मिलकर अवैध शराब का धंधा कर रहा था।
अहमदाबाद से लाकर मुंबई की झोपड़पट्टी में करता था सप्लाई
यह लोग ड्रमों में अवैध शराब लाकर उन्हें क्वार्टर और पाउच में भरकर बेचते थे। मालवणी शराब कांड मामले में अतीक तीन ड्रम शराब लेकर 14 जून को अहमदाबाद से शराब लेकर चला था और 16 जून को मुंबई आया।
जिसने भी उस शराब का सेवन किया, उसकी तबीयत बिगड़ी और वह मौत के मुंह में चला गया। मामला बिगड़ता देखकर पहले तो अतीक ने मुंबई में ही छुपने का प्रयास किया।
लेकिन पुलिस की सख्ती देखकर दिल्ली वह अपने दोस्त के पास भाग आया।
एक कॉल से पकड़ा गया
मुंबई आने से पूर्व अतीक ने दिल्ली अपने दोस्त इरफान पेटी को कॉल की थी। मुंबई पुलिस ने बस यही लीड दिल्ली पुलिस को दी। जिसके आधार पर पुलिस ने अतीक को दबोच लिया।
सोमवार रात 8.30 बजे सूचना मिलने के बाद दोपहर 12.00 बजे तक उत्तर-पूर्वी जिला की कई टीमें अतीक की तलाश में जुटी रही। पुलिस उपायुक्त वीनू बंसल ने बताया कि मुंबई पुलिस की लीड पर रात को ही कार्रवाई की गई।
जाफराबाद एसएचओ सीएल मीणा, एसआई युशविंदर और टेक्निकल सर्विलांस के माहिर हवलदार ऋषिराज छानबीन में जुट रहे। जिले की स्पेशल स्टॉफ के अलावा सीलमपुर पुलिस भी अतीक की तलाश करती रही।
जिस जगह अतीक छुपा हुआ था, वहां बेहद तंग गलियां थीं। दिन का उजाला भी वहां पहुंचना मुश्किल था। लेकिन, पुलिस ने कड़ी मेहनत के बाद मंगलवार को आरोपी को दबोच लिया।