चंद्रमोहन की वजह से महिला की हार्ट अटैक से मौत
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प्यार और पैसे की ख्वाहिश में चंद्रमोहन ने एक बड़ी साजिश रची। खुद के मरने का प्लान बनाया और उसकी हत्या के आरोप में एक पूरा परिवार पुलिस पूछताछ और लगातार दबिश के चलते परेशान रहा। नौबत ये आ गई कि परेशान होकर इस परिवार ने गांव छोड़ दिया।
फसल बर्बाद हो गई, बच्चों की पढ़ाई नहीं हो पाई और इन्हीं दिक्कतों के चलते एक महिला की हार्ट अटैक से मौत तक हो गई। करनी चंद्रमोहन की थी, लेकिन इसकी सजा बेकसूरों ने भुगती।
कार में चंद्रमोहन के जलने के मामले में पत्नी सविता शर्मा ने कासना के किसान बृजेश उसके दो भाइयों ज्ञानी, राजकुमार और बेटों आनंद और प्रवीण के खिलाफ केस दर्ज कराया था। जबकि तब ये परिवार वैलाना गांव में गेंहू की निकासी करवा रहा था।
सूचना मिलते ही सभी लाखों की फसल खेत पर छोड़कर चले गए। इसके बाद शुरू हुआ लगातार दबिश का सिलसिला। रिश्तेदारों के यहां भी दबिश दी गई। ये लोग बताते हैं कि इस दौरान पुलिस का व्यवहार बेहद अमानवीय रहा।
परिवार की महिलाओं से होता था अमानवीय व्यवहार
आस-पड़ोस के लोग बताते हैं कि दबिश के दौरान परिवार की महिलाओं से भी अभद्र भाषा का प्रयोग किया जाता था। जैसे-जैसे गिरफ्तार के लिए नोएडा में प्रदर्शन होता। पुलिस की सख्ती और ज्यादती बढ़ जाती थी।
ये बताते हैं कि भाई और बच्चों को हिरासत में लेकर पुलिस ने आठ दिनों तक मारपीट की। हत्या का झूठा केस लगने के बाद बच्चों की पढ़ाई भी छूट गई। बच्चे पढ़ना चाहते थे। कोई कानून की पढ़ाई करना चाहता था तो कोई बीसीए करना चाहता था, लेकिन एक केस ने सारी उम्मीदों को तोड़ दिया।
मानहानि का दावा करेंगे
बृजेश का कहना है कि झूठे केस में फंसाने के चलते उनके पूरे परिवार की काफी बेइज्जती हुई है। आर्थिक नुकसान भी बहुत हुआ है। बदनामी के चलते ही उसके भाई ज्ञानी की पत्नी सुमन की हार्ट अटैक से मृत्यु हो गई है। परिवार ने काफी कुछ खो दिया है। इसलिए ये परिवार सविता शर्मा के खिलाफ मानहानि का केस करेगा।