{"_id":"5f5fd0ec60d46007d050f7c2","slug":"qr-code-ticket-trial-started-in-dtc-buses","type":"story","status":"publish","title_hn":"डीटीसी बसों क्यूआर कोड से टिकट का ट्रायल हुआ शुरू, पहले दिन यात्रियों का रहा कम रुझान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डीटीसी बसों क्यूआर कोड से टिकट का ट्रायल हुआ शुरू, पहले दिन यात्रियों का रहा कम रुझान
Tue, 15 Sep 2020 01:52 AM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Vikas Kumar
Updated Tue, 15 Sep 2020 01:52 AM IST
विज्ञापन
डीटीसी बसों क्यूआर कोड से टिकट का ट्रायल हुआ शुरू
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना काल में संक्रमण से बचाव के लिए जल्द ही यात्रियों को बसों में क्यूआर कोड के जरिए सफर का मौका मिल सकेगा। कांटेक्टलेस टिकटिंग की दिशा में परिवहन विभाग की ओर से की गई पहल के तहत क्लस्टर के बाद सोमवार से दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) की बसों में भी ट्रायल शुरू कर दिया गया।
विज्ञापन
आनंद विहार से महारौली के बीच रूट नंबर-534 पर 29 बसों में 21 सितंबर तक ट्रायल किया जाएगा। हालांकि पहले दिन काफी कम यात्रियों को ही नई टिकटिंग प्रक्रिया से रूबरू हो सके। यात्रियों को अभी भी संशय है कि आखिरकार एप के जरिए कैसे बसों में सफर कर सकेंगे। यात्रियों को एप डाउनलोड करने के बाद गंतव्य की जानकारी देने के बाद टिकट की राशि के मुताबिक भुगतान करने के लिए क्यूआर कोड स्कैन करना होगा। इसके लिए यात्रियों को न तो कंडक्टर के पास जाना होगा और न ही नकद लेनदेन की जरूरत होगी।
विज्ञापन
टिकट के साथ एप से मिलेंगी और जानकारियां भी
एप के जरिए होने वाली टिकट की बुकिंग के साथ-साथ बसों के आवागमन के लिए समय, बस स्टॉप की दूरी सहित कई ऐसे बातें होंगी, ताकि यात्रा और भी सुलभ हो सके। एप के जरिए टिकटिंग की शुरुआत के बाद भी कुछ महीनों तक मैन्युअल टिकट रखना पड़ सकता है, क्योंकि कई यात्री ऐसे भी होते हैं जिन्हें सभी पहलुओं की जानकारी नहीं है।
विज्ञापन
भरवाए जा रहे हैं यात्रियों से फीडबैक फॉर्म भी
ट्रायल के दौरान यात्रियों का इस सेवा के लिए कितना रुझान है, किस तरह की समस्या आ रही है, इसके लिए यात्रियों से फीडबैक फॉर्म भी भरवाए जा रहे हैं। परिचालक विवेक ने बताया कि दो-तीन महिलाओं ने टिकट की बुकिंग करवाई, लेकिन पहले दिन संख्या कम रही।