{"_id":"5c03f81dbdec224163422314","slug":"police-beaten-by-accused-family-in-bhajanpura-delhi","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आरोपी को पकड़ने गई पुलिस को बंधक बनाकर पीटा, ऐसे बचाई गई जान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरोपी को पकड़ने गई पुलिस को बंधक बनाकर पीटा, ऐसे बचाई गई जान
ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली।
Updated Sun, 02 Dec 2018 08:49 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
यमुना विहार में शुक्रवार को आरोपी को पकड़ने गए भजनपुरा थाने के दो पुलिसवालों को परिजनों ने बंधक बनाकर पीटा और कमरे में बंद कर बाहर से ताला लगा दिया। पुलिसकर्मियों ने मोबाइल पर थाने को सूचना दी तो अन्य पुलिसकर्मी पहुंचे।
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उन्हें देखते ही आरोपी परिवार के साथ फरार हो गया। बाद में पुलिसकर्मियों को ताला खोलकर किसी तरह बाहर निकाला गया। इस मामले में सरकारी काम में बाधा, बंधक बनाने और हमला करने का मामला दर्ज किया गया है।
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पुलिस के मुताबिक, भजनपुरा थाने में तैनात हवलदार मनोज भाटी व राम स्वरूप महिला सिपाही शमा मलिक के साथ यमुना विहार सी-11/167 में रहने वाले इकरामुद्दीन को पकड़ने गए थे। उसके खिलाफ एक युवक ने मारपीट समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज कराया था।
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पिटाई के बाद आरोपियों ने कमरे में बंद कर ताला लगा दिया।
शुक्रवार दोपहर पुलिसकर्मी घर पहुंचे तो उसके बड़े बेटे शुएब ने दरवाजा खोला। पुलिसकर्मियों ने इकरामुद्दीन को थाने ले जाने की बात कही। इसी दौरान परिवार के छह-सात लोग वहां पहुंच गए। सिपाही शमा मलिक को बाहर धक्का देकर परिवार ने मनोज व राम स्वरूप पर हमला कर दिया। उनकी पिटाई के बाद आरोपियों ने दोनों को एक कमरे में बंद कर बाहर से ताला लगा दिया।
दोनों पुलिसकर्मी आरोपियों से दरवाजा खोलने की मिन्नत करने लगे। इस बीच मनोज ने थाने के ड्यूटी अफसर को कॉल कर मदद मांगी। खबर मिलते ही पुलिस की एक टीम वहां पहुंची। इधर, पुलिस को आता देखकर परिवार रफूचक्कर हो गया।
थाने से आए पुलिसकर्मियों ने मनोज व रामस्वरूप को छुड़ाया। बाद में उनकी शिकायत पर एक और मामला दर्ज कर परिजनों की तलाश की जा रही है। पुलिसकर्मियों का कहना है कि इस दौरान वहां भीड़ जमा हो गई थी, पर किसी ने उनकी मदद नहीं की।
दोनों पुलिसकर्मी आरोपियों से दरवाजा खोलने की मिन्नत करने लगे। इस बीच मनोज ने थाने के ड्यूटी अफसर को कॉल कर मदद मांगी। खबर मिलते ही पुलिस की एक टीम वहां पहुंची। इधर, पुलिस को आता देखकर परिवार रफूचक्कर हो गया।
थाने से आए पुलिसकर्मियों ने मनोज व रामस्वरूप को छुड़ाया। बाद में उनकी शिकायत पर एक और मामला दर्ज कर परिजनों की तलाश की जा रही है। पुलिसकर्मियों का कहना है कि इस दौरान वहां भीड़ जमा हो गई थी, पर किसी ने उनकी मदद नहीं की।