मेडिकल साइंस का अनोखा केस, विटामिन डी के ओवरडोज ने ली बच्चे की जान
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कहा जाता है कि किसी भी चीज की अति अच्छी नहीं होती चाहे वो कितनी भी अच्छी क्यों न हो। ऐसा ही एक मामला दिल्ली के एम्स में सामने आया है जहां एक 10 साल के बच्चे की मौत विटामिन डी के अधिक सेवन से हुई है।
गौरतलब है कि बच्चे की खराब शारीरिक विकास को देखते हुए उसे डॉक्टर ने विटामिन डी की खुराक लिखी थी। डॉक्टरों का कहना है कि वो बच्चा रोज विटामिन डी के 6 लाख इंटरनेशनल यूनिट 21 दिन तक लेता रहा जो उसकी आवश्यकता से 30 गुना ज्यादा था।
विटामिन डी की इतनी अधिकता की वजह से उसके शरीर में विटामिन डी का जहर बन गया और उसे पेट दर्द और उल्टी की शिकायत के बाद एम्स में भर्ती किया गया। डॉक्टर ने बताया कि शुरूआत में उसकी स्थिति कुछ दवाएं देकर नियंत्रित की गई लेकिन बाद में उसकी हालत बिगड़ने पर उसे बाल चिकित्सा के आईसीयू में भर्ती किया गया।
डॉक्टरों ने बताया कि उसके शरीर में कैल्शियम का स्तर अधिक होने से उसके पूरे शरीर में संक्रमण फैल गया जिससे उसकी मौत हो गई। यह मामला इतना विचित्र है कि इंडियन जर्नल ऑफ पीडिएट्रिक्स(शिशु चिकित्सा) के हालिया संस्करण में भी इसे प्रकाशित किया गया है।
भारत के शहरों में लोगों में तेजी से विटामिन डी की कमी हो रही है जिसका कारण सूरज की पर्याप्त रोशनी न मिला पाना है और इसीलिए लोगों को विटामिन डी की खुराक लेने की सलाह दी जाती है।
ऐसे में यह मामला काफी उल्लेखनीय क्योंकि अगर आप विटामिन डी को जरूरत से ज्यादा मात्रा में लेते हैं तो ये न सिर्फ हानिकारक बल्कि जानलेवा भी हो सकता है।