यूपी रेरा का बड़ा फैसला: बिल्डरों की मनमानी पर लगेगी रोक, अवैध ट्रांसफर शुल्क के खिलाफ ऑनलाइन शिकायतें शुरू
नोएडा समेत प्रदेशभर के घर खरीदारों को राहत देते हुए यूपी रेरा ने बिल्डरों द्वारा वसूले जा रहे अवैध ट्रांसफर शुल्क के खिलाफ ऑनलाइन शिकायत सुविधा शुरू की है। अब आवंटी फॉर्म-एम के जरिए पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर कार्रवाई की मांग कर सकेंगे।
विस्तार
नोएडा में घर खरीदारों और फ्लैट आवंटियों को राहत देते हुए उत्तर प्रदेश भू सम्पदा विनियामक प्राधिकरण (यूपी रेरा) ने प्रमोटरों और बिल्डरों द्वारा वसूले जा रहे अवैध ट्रांसफर शुल्क के खिलाफ ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने की व्यवस्था शुरू कर दी है। अमर उजाला ने इस मुद्दे को शुक्रवार को उठाया था, जिसका संज्ञान लेते हुए यूपी रेरा ने यह व्यवस्था शुरू की है।
शुक्रवार को खबर का संज्ञान लेते हुए यूपी रेरा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए बताया कि अवैध रूप से लिए जा रहे ट्रांसफर चार्ज को रोकने और ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए ऑनलाइन शिकायत का विकल्प दिया गया है। अब आवंटी यूपी रेरा के पोर्टल पर फॉर्म-एम के माध्यम से सीधे शिकायत दर्ज कर सकेंगे। यह सुविधा यूपी रेरा सामान्य विनियम-2019 में किए गए 10वें संशोधन के लागू होने के बाद शुरू की गई है।
संशोधित नियमों के तहत अब प्रमोटर और डेवलपर आवंटन हस्तांतरण अथवा उत्तराधिकार के मामलों में निर्धारित सीमा से अधिक ट्रांसफर या प्रोसेसिंग शुल्क नहीं ले सकेंगे। यदि कोई बिल्डर तय सीमा से ज्यादा रकम मांगता है, तो उसके खिलाफ आवंटी ई-कोर्ट प्रणाली के माध्यम से शिकायत दर्ज करा सकते हैं। अब प्रमोटर उत्तराधिकारी के साथ नया बिक्री अथवा लीज समझौता नहीं करेंगे, बल्कि पुराने समझौते में ही आवश्यक एंडोर्समेंट कर रिकॉर्ड अपडेट किए जाएंगे।
इससे ट्रांसफर प्रक्रिया आसान और पारदर्शी बनेगी। नए नियमों के अनुसार यदि किसी आवंटी की मृत्यु हो जाती है और संपत्ति परिवार के सदस्य को हस्तांतरित की जाती है, तो प्रमोटर अधिकतम एक हजार रुपये तक ही प्रोसेसिंग शुल्क ले सकेगा। इसके लिए मृत्यु प्रमाण पत्र, उत्तराधिकार प्रमाण पत्र और अन्य कानूनी वारिसों की अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) जमा करनी होगी। परिवार के अन्य सदस्य को ट्रांसफर के मामलों में भी यही शुल्क लागू होगा। वहीं यदि संपत्ति किसी गैर-पारिवारिक व्यक्ति को हस्तांतरित की जाती है, तो अधिकतम 25 हजार रुपये तक प्रोसेसिंग शुल्क लिया जा सकेगा।
कैसे करें ऑनलाइन शिकायत
अधिकारियों के अनुसार, ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने के लिए आवंटियों को यूपी रेरा की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ई-कोर्ट लॉगिन/साइन-अप विकल्प चुनना होगा। इसके बाद फॉर्म-एम के तहत शिकायत दर्ज कर 'ग्राउंड ऑफ कम्प्लेंट' में 'अनलॉफुल ट्रांसफर चार्जेज' विकल्प चुनना होगा। शिकायत के साथ आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने के बाद एक हजार रुपये शुल्क जमा करना होगा।
- यह बड़ी राहत की बात है कि यूपी रेरा ऐसी मनमानी पर रोक लगाएगा। -राजीव सिंह, अध्यक्ष नोफा
- हम ट्रांसफर शुल्क के रूप में 25,000 रूपये और 1,000 रूपये + जीएसटी निर्धारित कर सकते हैं। -ओम दत्त शर्मा, एओए उपाध्यक्ष, सुपरटेक इकोसिटी सेक्टर 134
- हमने पहले भी कहा था कि लोग अपनी गाढ़ी कमाई लगातार फ्लैट खरीदते हैं, ऐसे में उससे दोगुना ट्रांसफर चार्ज वसूला जा रहा है, जो कि गलत है। -निखिल सिंघल, अध्यक्ष, नोएडा हाईराइज फेडरेशन
- यह राहत की बात है, अमर उजाला का धन्यवाद, हम अब पोर्टल के जरिए शिकायत दर्ज कराएंगे। -सुनील भारद्वाज, जेपी कॉसमॉस सोसायटी, सेक्टर 134